लखनऊ की अमीनाबाद दवा मंडी पर बड़ी कार्रवाई, 14 फर्मों के लाइसेंस रद्द और 29 निलंबित

लखनऊ की अमीनाबाद दवा मंडी में FSDA ने फर्जी बिलिंग और नकली दवाओं से जुड़े मामलों में 14 लाइसेंस रद्द किए, 29 निलंबित किए और पांच फर्मों पर फैसला लंबित रखा.

anuj kumar
Sagar Bhardwaj

लखनऊ की अमीनाबाद दवा मंडी में नकली दवाओं और फर्जी बिलिंग के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) ने बड़ी कार्रवाई की है. जांच के बाद 14 प्रतिष्ठानों के औषधि लाइसेंस रद्द कर दिए गए हैं, जबकि 29 के लाइसेंस निलंबित हैं. पांच अन्य फर्मों के मामलों में अंतिम फैसला होना बाकी है. इस तरह कुल 48 प्रतिष्ठानों के मामलों में कार्रवाई या सुनवाई की प्रक्रिया चल रही है.

हेल्थ प्लस और एम.के. फार्मा के लाइसेंस रद्द

जिन प्रतिष्ठानों के लाइसेंस निरस्त किए गए हैं, उनमें हेल्थ प्लस, एम.के. फार्मा, राम फार्मा, श्री बांके बिहारी फार्मा, न्यू बाबा फार्मा, छोटा फार्मा, भारत फार्मा, विद्या फार्मा, श्री अशोक फार्मास्युटिक्स, एम.डी.एच. फार्मा, श्री राज राजेश्वर एंटरप्राइजेज और सुपरविजन ट्रेडर्स शामिल हैं. मिश्रा एसोसिएट्स के मुख्य प्रतिष्ठान और गोदाम पर भी कार्रवाई हुई है. विभाग की जांच में इन प्रतिष्ठानों से जुड़े मामलों में क्रॉस-बिलिंग और नकली दवाओं के कारोबार से संबंधित अनियमितताएं सामने आईं.

29 प्रतिष्ठानों के लाइसेंस निलंबित

एफएसडीए ने 29 प्रतिष्ठानों के लाइसेंस भी निलंबित किए हैं. इनमें एस.एस. मेडिको, महालक्ष्मी ट्रेडर्स, ट्रेडमेड इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के दो ठिकाने, मेडट्रास मल्टीवर्स, फार्मा सेल्स, सुखमनी फार्मा, बापू मेडिकल हॉल, अनंत एंटरप्राइजेज, संस्कृति फार्मा, ओम साई राम मेडिकोज का गोदाम, रुद्राक्ष फार्मा और दुर्गा डिस्ट्रीब्यूटर्स के मुख्य प्रतिष्ठान व गोदाम शामिल हैं. इसके अलावा भगवती एंटरप्राइजेज, जय श्री महाकाल फार्मास्युटिकल्स, मैक फार्मा, श्री तिरुपति बालाजी एजेंसी, आर.जी. फार्मा, अनंतासिया फार्मा प्राइवेट लिमिटेड, सोनल फार्मा, गायत्री फार्मा एंड सर्जिकल्स, एस.के.जी. मेडिकल्स, मां अम्बे फार्मा, श्री अष्टविनायक फार्मास्युटिकल्स, ए.एस. मेडिकल स्टोर, एस.पी. फार्मा, दूर्वा इंटरनेशनल और आर.एन. फार्मा पर भी कार्रवाई हुई है. निलंबन अवधि में ये प्रतिष्ठान दवाओं की खरीद-बिक्री नहीं कर सकेंगे.


अगस्त की जांच में सामने आया था मामला

एफएसडीए की अगस्त में हुई जांच में आरोप सामने आए थे कि कुछ फर्में कागजों पर खरीद-बिक्री दिखाकर नकली दवाओं को बाजार में पहुंचा रही थीं. 12 अगस्त को हेल्थ प्लस, एम.के. फार्मा, राम फार्मा और सहारनपुर की पेशेंट केयर सर्जिकल हाउस समेत अन्य फर्मों से जुड़े मामलों में अमीनाबाद थाने में नौ एफआईआर दर्ज की गई थीं.

इससे पहले जुलाई में आलमबाग, बख्शी का तालाब और अमीनाबाद के एक अवैध गोदाम से नकली दवाएं जब्त की गई थीं. केसरबाग में बिना वास्तविक आपूर्ति के क्रॉस-बिलिंग का मामला भी सामने आया था. विभाग के अनुसार, लखनऊ में अब तक करीब 41.58 लाख रुपये की अवैध दवाएं जब्त की गई हैं. इन मामलों में 32 लोगों के खिलाफ नौ एफआईआर दर्ज हुई हैं और दो गिरफ्तारियां हुई हैं.

पांच फर्मों पर अंतिम फैसला बाकी

विनोद फार्मास्युटिकल्स डिस्ट्रीब्यूटर्स, श्री कृष्णा फार्मास्युटिकल्स डिस्ट्रीब्यूटर्स, राज एंड ब्रदर्स फार्मा, गुरुजी फार्मास्युटिकल्स और सन लाइट फार्मा को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं. इनके मामलों में अंतिम निर्णय अभी लंबित है. एफएसडीए ने नकली दवाओं और फर्जी बिलिंग के खिलाफ अभियान जारी रखने के संकेत दिए हैं.