कौन थे बिजनेसमैन वल्लभ मोहेश्वरी जिनकी दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस वे पर दर्दनाक सड़क हादसे में गई जान

जयपुर के प्रसिद्ध व्यवसायी और शकुन ग्रुप के प्रबंध निदेशक वल्लभ माहेश्वरी की दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर कार दुर्घटना में मौत हो गई. 62 वर्षीय माहेश्वरी जयपुर से मथुरा धार्मिक यात्रा पर जा रहे थे, जब उनकी बीएमडब्ल्यू कार नियंत्रण से बाहर होकर माइलस्टोन 136.8 के पास पलट गई.

x
Kuldeep Sharma

जयपुर: रविवार दोपहर करीब 4 बजे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर रैनी पुलिस थाना क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली दुर्घटना हुई. शकुन ग्रुप के प्रबंध निदेशक वल्लभ दास माहेश्वरी जयपुर से मथुरा की ओर धार्मिक यात्रा पर जा रहे थे. उनकी लग्जरी बीएमडब्ल्यू कार अचानक नियंत्रण खो बैठी.

कार ने सड़क किनारे के बैरिकेड तोड़े, मीडियन क्रॉस किया और कल्वर्ट की दीवार से जोरदार टक्कर मारी. हादसे में कार पलट गई. माहेश्वरी और ड्राइवर को तुरंत पिनान अस्पताल ले जाया गया, जहां से उन्हें आलवर के हरीश अस्पताल रेफर किया गया. लेकिन माहेश्वरी गंभीर चोटों के कारण नहीं बच सके.

हादसे का पूरा विवरण और बचाव प्रयास

पुलिस के अनुसार, कार तेज गति से जा रही थी इसी दौरान माइलस्टोन 136.8 के पास अचानक बेकाबू हो गई. बैरिकेड टूटने के बाद कार सड़क के दूसरी तरफ चली गई और कल्वर्ट की कंक्रीट दीवार से टकराई. हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई. राहगीरों और पुलिस ने घायलों को निकालकर अस्पताल पहुंचाया. डॉक्टरों ने माहेश्वरी की मौत की पुष्टि की. ड्राइवर की हालत भी गंभीर बताई जा रही है. जांचकर्ता अब हादसे के सटीक कारणों की पड़ताल कर रहे हैं.

अशोक गहलोत ने जताया गहरा शोक

राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इस घटना पर दुख व्यक्त किया है. उन्होंने लिखा कि वल्लभ माहेश्वरी की मौत की खबर 'अत्यंत हृदयविदारक' है. गहलोत ने शोक संतप्त परिवार के लिए प्रार्थना की और ईश्वर से उन्हें इस दुख को सहने की शक्ति देने की कामना की. जयपुर के व्यापारिक और सामाजिक वर्ग में भी इस खबर से शोक की लहर दौड़ गई है. माहेश्वरी को एक सक्रिय और सम्मानित व्यवसायी के रूप में जाना जाता था.

वल्लभ माहेश्वरी कौन थे?

वल्लभ दास माहेश्वरी जयपुर के एक प्रमुख व्यवसायी थे, जिनके पास कॉर्पोरेट गवर्नेंस और बिजनेस मैनेजमेंट में 32 साल से ज्यादा का अनुभव था. वे शकुन ग्रुप के प्रबंध निदेशक थे और विज्ञापन, इंफ्रास्ट्रक्चर, रियल एस्टेट, हॉस्पिटैलिटी जैसे कई क्षेत्रों में सक्रिय थे.

भारत फाइलिंग्स के अनुसार, उनकी मृत्यु के समय वे 12 कंपनियों से जुड़े थे, जिनमें शकुन एडवरटाइजिंग, शकुन कम्युनिकेशन इंफ्रास्ट्रक्चर, एसजीएम बिल्डकॉन और मनोकामना रियल एस्टेट शामिल हैं. वे शकुन फोर्ट एंड पैलेस एलएलपी, शकुन रियल्टी एलएलपी और रूप शकुन फाउंडेशन जैसे संगठनों से भी जुड़े थे.