हरियाणा के जींद में रंग-गुलाल फैक्ट्री में भीषण आग, 5 महिला मजदूरों की जिंदा जलकर मौत
मजदूरों का आरोप है कि फैक्ट्री के मुख्य गेट पर बाहर से ताला लगा हुआ था. इसी कारण अंदर काम कर रहे लोगों को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिला और कई मजदूर आग में फंस गए.
हरियाणा के जींद जिले के सफीदों इलाके में शनिवार दोपहर एक रंग और गुलाल बनाने वाली फैक्ट्री में भीषण आग लग गई. यह हादसा इतना गंभीर था कि पांच महिला मजदूरों की जिंदा जलकर मौत हो गई. वहीं करीब 20 मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए. घायलों को पहले सफीदों और जींद के अस्पतालों में भर्ती कराया गया लेकिन कई लोगों की हालत ज्यादा गंभीर होने के कारण उन्हें पानीपत के अस्पताल में रेफर करना पड़ा. प्रशासन का कहना है कि घायलों की स्थिति को देखते हुए मरने वालों की संख्या बढ़ भी सकती है.
अचानक लगी आग, कुछ ही मिनटों में फैल गई लपटें
यह फैक्ट्री सफीदों की भाट कॉलोनी में स्थित है, जहां होली के लिए रंग और गुलाल बनाए जाते थे. शनिवार को करीब 30 मजदूर रोज की तरह काम कर रहे थे. तभी अचानक फैक्ट्री में आग लग गई. कुछ ही मिनटों में आग पूरे परिसर में फैल गई. चारों तरफ धुआं और तेज लपटें उठने लगीं. मजदूरों में अफरा-तफरी मच गई और हर तरफ चीख-पुकार सुनाई देने लगी.
बाहर निकलने का नहीं मिला मौका
मजदूरों का आरोप है कि फैक्ट्री के मुख्य गेट पर बाहर से ताला लगा हुआ था. इसी कारण अंदर काम कर रहे लोगों को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिला और कई मजदूर आग में फंस गए. आसपास के लोगों ने धुआं उठता देखा तो तुरंत मौके पर पहुंचकर बचाव कार्य शुरू किया. काफी कोशिश के बाद दरवाजा तोड़ा गया और कुछ मजदूरों को बाहर निकाला गया.
फायर ब्रिगेड ने घंटों बाद पाया आग पर काबू
घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं. कई घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका. हादसे में दो महिलाओं की मौत मौके पर ही हो गई थी. बाद में अस्पताल में इलाज के दौरान तीन और महिलाओं ने दम तोड़ दिया.
इन महिलाओं की हुई मौत, कई मजदूर गंभीर
इस हादसे में पूजा, उषा, पिंकी और गुड्डी नाम की महिलाओं की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि एक महिला की पहचान अभी नहीं हो पाई है. 20 से ज्यादा मजदूर अभी भी अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती हैं, जिनमें कई की हालत नाजुक बताई जा रही है. घटना के बाद प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया. मृतकों के परिजनों ने विरोध जताया, जिसके बाद प्रशासन ने जांच और मुआवजे का भरोसा दिया. फिलहाल आग लगने के कारणों की जांच जारी है.