Chhattisgarh Monsoon: छत्तीसगढ़ में बारिश का नया दौर शुरू! अगले 48 घंटे भारी, अलर्ट में बिलासपुर-दुर्ग

मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 9 जुलाई को दुर्ग, रायपुर और बिलासपुर संभाग के एक-दो स्थानों पर बहुत भारी वर्षा हो सकती है.

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Reepu Kumari

Chhattisgarh Monsoon: छत्तीसगढ़ में एक बार फिर मानसून की सक्रियता ने रफ्तार पकड़ ली है. बंगाल की खाड़ी में बने लो प्रेशर सिस्टम और चक्रीय परिसंचरण की वजह से बिलासपुर, दुर्ग और रायपुर संभाग के जिलों में अगले 48 घंटे भारी पड़ सकते हैं. मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों में येलो और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. इसके साथ ही लोगों से सावधान रहने को भी कहा गया है. नागरिकों को खराब मौसम में बहार जाने से बचने की सलाह दी गई है. वहीं बाकी जिलों में भी हल्की से मध्यम बारिश के साथ तेज हवाओं और बिजली चमकने की संभावना है.

बंगाल और अरब सागर से उठे सिस्टम का असर पूरे प्रदेश पर दिखाई देने लगा है. मानसून द्रोणिका के कारण राज्य के अलग-अलग हिस्सों में बारिश का सिलसिला शुरू हो चुका है. रायपुर में भी अगले 24 घंटों में आसमान मेघमय रहेगा और रुक-रुककर बारिश होने के आसार हैं. अधिकतम तापमान 25°C और न्यूनतम 22°C तक रह सकता है.

कहां-कहां बरसे बादल और कितनी हुई बारिश?

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक पिछले 24 घंटों में मध्य छत्तीसगढ़ के कई इलाकों में जोरदार बारिश हुई है.

  • 11 सेमी: छुरिया, राजिम
  • 10 सेमी: मालखरौदा
  • 9 सेमी: औंधी, मोहला, अंबागढ़ चौकी
  • 7 सेमी: बिलासपुर, कटघोरा
  • 6 सेमी: मस्तूरी, पेंड्रा, भानुप्रतापपुर
  • 4 सेमी और कम: तखतपुर, खरोरा, अकलतरा, भिलाई, जांजगीर आदि

अंबिकापुर में सबसे ज्यादा तापमान 32.2°C और राजनांदगांव में सबसे कम तापमान 19.2°C रिकॉर्ड किया गया है.

मौसम विभाग की सलाह रहें सतर्क

मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 9 जुलाई को दुर्ग, रायपुर और बिलासपुर संभाग के एक-दो स्थानों पर बहुत भारी वर्षा हो सकती है. इन इलाकों में जलभराव, पेड़ गिरने और विजिबिलिटी कम होने जैसी समस्याएं हो सकती हैं. नागरिकों को यात्रा के दौरान सतर्क रहने और ज़रूरत न हो तो बाहर निकलने से बचने की सलाह दी गई है.