मुजफ्फरपुर: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में एक बार फिर वह प्रेम कहानी सुर्खियों में है, जिसने कुछ समय पहले अपनी उम्र के फासले को लेकर पूरे प्रदेश में सनसनी फैला दी थी. औराई थाना क्षेत्र के एक स्कूल के 60 वर्षीय संचालक राकेश साह और उसी स्कूल की 28 वर्षीय शिक्षिका शाइस्ता परवीन के घर खुशियों ने दस्तक दी है. शाइस्ता ने एक स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया है. हालांकि, यह खुशी कानूनी पेचीदगियों और पुलिस सुरक्षा के साये में है. फिलहाल शाइस्ता और उसकी नवजात बेटी मुजफ्फरपुर के श्री कृष्णा मेडिकल कॉलेज (SKMCH) में भर्ती हैं, जहां पुलिस उनकी कड़ी निगरानी कर रही है.
इस कहानी में मोड़ तब आया जब 18 फरवरी को इस जोड़े ने नेपाल के जनकपुर में जाकर विवाह कर लिया. विवाह के तुरंत बाद दोनों ने सोशल मीडिया पर अपनी तस्वीरें और वीडियो साझा किए थे, जिसे लेकर काफी चर्चा हुई थी. इस शादी के महज तीन दिन बाद यानी 21 फरवरी को शाइस्ता ने बच्ची को जन्म दिया. पुलिस के अनुसार, डीएसपी अलय वत्स ने महिला की बरामदगी और उसके इलाज की पुष्टि की है. उन्होंने स्पष्ट किया कि महिला का बयान अब कोर्ट में दर्ज कराया जाएगा, जिसके बाद ही आगे की कानूनी प्रक्रिया का रास्ता साफ हो सकेगा.
जहां एक तरफ यह जोड़ा अपनी खुशी मना रहा है, वहीं दूसरी तरफ शाइस्ता के भाई ने इस मामले को आपराधिक रंग देते हुए औराई थाने में शिकायत दर्ज कराई है. भाई का आरोप है कि उसकी बहन का अपहरण किया गया और फिर जबरन धर्म परिवर्तन कराकर यह निकाह पढ़वाया गया है. आवेदन में भाई ने राकेश साह समेत सात लोगों को नामजद आरोपी बनाया है. उसने आशंका जताई थी कि उसकी बहन को औराई चौक के पास एक कमरे में बंधक बनाकर रखा गया था.
इन तमाम आरोपों के उलट शाइस्ता परवीन का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वह सभी दावों को सिरे से खारिज करती दिख रही हैं. शाइस्ता ने वीडियो में साफ तौर पर कहा कि उन्होंने अपनी मर्जी से राकेश साह से शादी की है और वे दोनों साल 2025 से ही वैवाहिक बंधन में थे. उन्होंने लोगों से अपील की है कि उनके पति राकेश साह पर कोई झूठा आरोप न लगाया जाए और उन्हें परेशान न किया जाए. शाइस्ता ने यह भी स्पष्ट किया कि वह पूरी तरह सुरक्षित हैं और अपने प्रेमी व पति राकेश के साथ ही रहना चाहती हैं.