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राहत मिली फिर हो गए गिरफ्तार, क्या है इद्दत केस, जिसमें बरी हुए इमरान खान और बुशरा बीबी?

पाकिस्तान की एक अदालत ने इद्दत मामले में इमरान खान और उनकी पत्नी बुशरा बीबी को बरी कर दिया है. इस्लामाबाद कोर्ट ने इद्दत केस में उनके खिलाफ लगाए गए आरोपों को खारिज कर दिया. एक याचिकाकर्ता ने उनकी शादी की वैधता को ही चुनौती दे दी थी. बरी होने के बाद भी इमरान खान जेल में ही रहेंगे. उन पर दंगा भड़काने के आरोप हैं. इमरान खान के पाकिस्तान की सियासत में बुरे दिन चल रहे हैं.

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India Daily Live

पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान, सिर्फ तोशाखाना केस में ही नहीं नपे, उन पर दर्जनों ऐसे केस हैं, जिन पर उन्हें अदालतों से राहत मिलती रही है. अब उन्हें इद्दत केस में भी बरी कर दिया गया है. इस्लामाबाद की एक स्थानीय कोर्ट ने कहा है कि इमरान खान और बुशरा बीबी की शादी वैध है. अवैध शादी के भी एक केस में उन्हें 7 साल की सजा मिली थी, जिसे कोर्ट ने खारिज कर दिया. एक याचिकाकर्ता ने उनकी शादी की वैधता को लेकर ही सवाल खड़ा किया था. भले ही वे बरी हो गए हैं लेकिन इमरान खान जेल से बाहर नहीं आने वाले हैं, उनके खिलाफ कई संगीन मुकदमे पहले से चल रहे हैं.

कोर्ट का फैसला जैसे ही आया, उसके ठीक 5 घंटे बाद इमरान खान को गिरफ्तार कर लिया गया. इमरान खान और बुशरा बीबी, तोशाखाना केस में गिरफ्तार हो गए. उन्हें दंगा भड़काने के आरोपों में भी सजा मिली है. इमरान खान, जेल से बाहर अभी नहीं आने वाले हैं. सरकार और अदालतें, दोनों इमरान खान पर भड़की हुई हैं. उनकी सियासत ही अब खतरे में नजर आ रही है. जब तक जेल से बाहर आएंगे, बहुत देर हो चुकी होगी. 

इस्लामाबाद सेशन कोर्ट ने उनकी पत्नी बुशरा के खिलाफ इद्दत केस में सभी आरोपों को खारिज कर दिया और उन्हें बरी तकर दिया. फरवरी में चुनावों से ठीक पहले उन्हें 7 साल की सजा मिली थी. इमरान खान और बुशरा बीबी दोनों को ही इस केस में जेल हो गई थी. आरोप था कि उन्होंने पहली पत्नी से तलाक और दूसरी शादी करने में इद्दत का समय नहीं पूरा किया, यह इस्लामी कानून के हिसाब से अनिवार्य होता है. 

क्या है इस्लाम में इद्दत पीरियड?

इस्लामी कानून में इद्दत वह समय है, जिसका पालन, एक महिला को अपने पति से तलाक या इंतकाल के बाद करना होता है. इद्दत की अवधि करीब 130 दिनों का होता है. यह समयावधि सिर्फ इसलिए होती है कि जिससे यह पता चल सके कि दिवंगत पति या पूर्व पति से महिला गर्भवती तो नहीं है. इस दौरान महिला की शादी नहीं हो सकती है. अगर इद्दत की अवधि बिना बीते ही शादी होती है तो वह अवैध है. अगर इद्दत में महिला गर्भवती है तो इद्दत का समय, बच्चे के जन्म तक बढ़ जाता है. इद्दत के दौरान दूसरे मर्दों से दूरी बरती जाती है, सजने और संवरने पर भी रोक होती है. महिला को सादे कपड़ों में रहना होता है. इमरान खान और बुशरा बीबी की शादी में आरोप था कि इन्होंने बिना इद्दत पूरा किए ही निकाह कर लिया था. 

क्यों जेल से बाहर नहीं आ पाएंगे इमरान खान?

इमरान खान पर तीन केस चल रहे हैं, जिनमें से सजायाफ्ता हैं. उन्हें अदिरायाल जेल में रखा गया है. रावलपिंडी की जेलों में ही उनकी जिंदगी गुजर रही है. वे एक केस से बाहर आते हैं, दूसरे में सजा हो जाती है.  इमरान खान 5 अगस्त 2023 को तोशाखाना केस में दोषी पाए गए थे. उन्हें लाहौर के जामन पार्क स्थित आवास से गिरफ्तार किया गया था. उनका जेल से बाहर आना मुश्किल है. उनके खिलाफ 100 से ज्यादा केस दर्ज हैं. इमरान खान के खिलाफ सेना, अदालत और सरकार है. ऐसे में उनका बाहर निकलना, बेहद मुश्किल है. पाकिस्तान में अदालतें भी बहुत निष्पक्ष नहीं होती हैं. ऐसे में इमरान खान को अभी जेल के भीतर ही वक्त काटना होगा.