'एक झटके में देश अंधेरे में...सिर्फ कैंडल जलीं', ट्रंप ने बताया- कैसे हुआ वेनेजुएला ऑपरेशन?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला में हुए सैन्य ऑपरेशन की रणनीति का खुलासा किया है. उन्होंने बताया कि हमले से पहले पूरे देश की बिजली काट दी गई थी. ट्रंप ने इस कार्रवाई को तेल हितों से जुड़ा अहम कदम बताया.
नई दिल्ली: वेनेजुएला में अमेरिकी सैन्य कार्रवाई को लेकर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कई चौंकाने वाले दावे किए हैं. उन्होंने कहा कि ऑपरेशन शुरू होने से पहले पूरे देश की बिजली एक साथ बंद कर दी गई थी, जिससे हालात पूरी तरह बदल गए. अंधेरे में डूबे देश में सिर्फ मोमबत्तियों की रोशनी बची थी. ट्रंप के मुताबिक, यही वह पल था जब वेनेजुएला को समझ आ गया कि कुछ बड़ा होने वाला है.
राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि ऑपरेशन से ठीक पहले अमेरिका ने वेनेजुएला की बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप कर दी थी. राजधानी काराकास समेत पूरा देश अंधेरे में चला गया. उन्होंने बताया कि लोगों के पास रोशनी का एकमात्र सहारा मोमबत्तियां थीं, जो किसी भी वक्त बुझ सकती थीं. ट्रंप के अनुसार, इस कदम ने आम लोगों और सरकार दोनों को चौंका दिया और यह साफ संकेत था कि सैन्य कार्रवाई शुरू होने वाली है.
152 फाइटर जेट और जमीनी सैनिक
ट्रंप ने इस सैन्य अभियान को बेहद जटिल लेकिन सफल बताया. उनके मुताबिक, ऑपरेशन में 152 फाइटर विमान शामिल थे और बड़ी संख्या में अमेरिकी सैनिक जमीन पर तैनात थे. उन्होंने कहा कि इतनी बड़ी कार्रवाई के बावजूद अमेरिका की तरफ से किसी सैनिक की जान नहीं गई. ट्रंप ने इसे रणनीतिक रूप से शानदार ऑपरेशन बताया, हालांकि उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि दूसरी तरफ जानमाल का नुकसान होना दुर्भाग्यपूर्ण था.
टॉर्चर चैंबर का दावा
अमेरिकी राष्ट्रपति ने दावा किया कि वेनेजुएला की सरकार काराकास के बीचोंबीच एक टॉर्चर चैंबर चला रही थी. उनके अनुसार, इस सैन्य कार्रवाई के बाद उस कथित केंद्र को बंद कर दिया गया है. ट्रंप ने कहा कि बिजली कटते ही वेनेजुएला की सरकार को एहसास हो गया था कि अमेरिकी सेना आ रही है. उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम को सुरक्षा और मानवाधिकारों से जोड़कर पेश किया.
तेल ही असली वजह
ट्रंप ने साफ शब्दों में कहा कि वेनेजुएला को लेकर अमेरिका की दिलचस्पी तेल में है. उन्होंने इराक युद्ध से तुलना करते हुए कहा कि उस समय अमेरिका ने तेल अपने पास नहीं रखा, जो एक गलती थी. ट्रंप के अनुसार, इस बार ऐसा नहीं होगा. उन्होंने कहा कि वेनेजुएला की जर्जर तेल सुविधाओं का पुनर्निर्माण किया जाएगा और अमेरिकी कंपनियां इसमें निवेश करेंगी. खर्च की भरपाई तेल से होने वाली आय से की जाएगी.
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