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Lindsay Clancy Mistrial: अपने 3 बच्चों की हत्यारी मां का ट्रायल रह गया अधूरा, जूरी के एक वोट ने बचा ली अमेरिका की इज्जत

अमेरिका में लिंडसे क्लैंसी पर अपने तीन बच्चों की हत्या का मुकदमा जूरी के फैसले तक नहीं पहुंच सका.

Ashutosh
Edited By: Ashutosh Rai
Lindsay Clancy Mistrial: अपने 3 बच्चों की हत्यारी मां का ट्रायल रह गया अधूरा, जूरी के एक वोट ने बचा ली अमेरिका की इज्जत
Courtesy: X

Lindsay Clancy Mistrial: मैसाचुसेट्स की लिंडसे क्लैंसी के खिलाफ तीन बच्चों की हत्या का चर्चित मामला शुक्रवार को बिना फैसले के खत्म हो गया. पांच सप्ताह चली सुनवाई के बाद जूरी सात दिन तक चर्चा करती रही लेकिन किसी नतीजे पर नहीं पहुंची. अब क्लैंसी पर दोबारा मुकदमा चल सकता है.

बच्चों की मौत के बाद खुद भी कूदी थी क्लैंसी

अभियोजन पक्ष के अनुसार, 24 जनवरी 2023 को क्लैंसी ने डक्सबरी स्थित घर में अपने बच्चों को गला दबाकर मार दिया. मृत बच्चों की पहचान पांच वर्षीय कोरा, तीन वर्षीय डॉसन और आठ महीने के कैलन के रूप में हुई. इसके बाद क्लैंसी दूसरी मंजिल की खिड़की से कूद गईं. उनके पति पैट्रिक उस समय खाना और दवा लेने बाहर गए थे. लौटने पर उन्होंने बच्चों को बेसमेंट में मृत पाया और क्लैंसी को गंभीर हालत में घर के बाहर देखा. गिरने से उनकी रीढ़ में गंभीर चोट आई और कमर के नीचे का हिस्सा लकवाग्रस्त हो गया.

बचाव पक्ष ने मानसिक बीमारी को बताया वजह

मुकदमे का सबसे बड़ा सवाल यह था कि क्या क्लैंसी अपने बच्चों की मौत के लिए कानूनी तौर पर जिम्मेदार थीं. बचाव पक्ष ने कहा कि वह प्रसव के बाद होने वाली गंभीर मानसिक बीमारी पोस्टपार्टम साइकोसिस से जूझ रही थीं और उन्हें भ्रम तथा ऐसी बातें दिखाई-सुनाई दे रही थीं जो वास्तविक नहीं थीं. परिवार ने भी अदालत में उनके व्यवहार में अचानक बदलाव की बात कही. बताया गया कि उन्होंने अस्पताल में इलाज कराया, हेल्पलाइन से संपर्क किया और आत्महत्या जैसे विचारों से जूझ रही थीं. वहीं अभियोजन पक्ष ने कहा कि हत्या सोच-समझकर की गई और क्लैंसी को अपने काम की जानकारी थी.

सात दिन की चर्चा के बाद जूरी रही बंटी

मामले में 10 से ज्यादा विशेषज्ञों ने क्लैंसी की मानसिक स्थिति पर अलग-अलग राय दी. सुनवाई के दौरान अभियोजन और बचाव पक्ष के बीच कई बार विवाद भी हुआ. जूरी ने सात दिनों तक विचार किया लेकिन फैसला नहीं दे सकी. एक जूरी सदस्य के निर्देशों का पालन नहीं करने को लेकर बचाव पक्ष ने आपत्ति जताई, जिसे जज ने खारिज कर दिया. शुक्रवार को जज विलियम एफ. सुलिवन ने मिस्ट्रायल घोषित कर दिया. इसका मतलब क्लैंसी बरी नहीं हुई हैं. उन पर तीनों बच्चों की हत्या के आरोप अभी कायम हैं. अगली सुनवाई 29 सितंबर को होगी और अभियोजन पक्ष दोबारा मुकदमा चला सकता है.