West Bengal Assembly Election 2026

'इससे पहले की देर हो जाए...', शांति वार्ता से पहले डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को दी नई चेतावनी

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर कहा कि ईरानी प्रतिनिधि समझौते के लिए भीख मांग रहे हैं और उनका देश सैन्य रूप से पूरी तरह कमजोर हो चुका है.

Anuj

नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के बीच अमेरिका और ईरान के बीच बयानबाजी और भी तेज हो गई है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के वार्ताकार समझौते के लिए बेताब हैं, जबकि ईरान ने सार्वजनिक रूप से इसे नकारते हुए कहा है कि वह केवल प्रस्ताव की समीक्षा कर रहा है.

दोनों देशों के बीच अलग-अलग दावों ने स्थिति को और जटिल बना दिया है, जिससे युद्ध खत्म करने की कोशिशें अनिश्चित नजर आ रही हैं.

राष्ट्रपति ट्रंप का दावा

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर कहा कि ईरानी प्रतिनिधि समझौते के लिए भीख मांग रहे हैं और उनका देश सैन्य रूप से पूरी तरह कमजोर हो चुका है. उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ईरान जल्द गंभीर नहीं हुआ तो हालात और खराब हो सकते हैं. उनके इस बयान ने कूटनीतिक माहौल को और तनावपूर्ण बना दिया है.

अमेरिका का प्रस्ताव और शर्तें

अमेरिका ने युद्ध खत्म करने के लिए 15 बिंदुओं वाला प्रस्ताव दिया है. इसमें ईरान पर लगे प्रतिबंधों में राहत, उसके परमाणु कार्यक्रम में कटौती, मिसाइल क्षमता पर सीमाएं और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने जैसी शर्तें शामिल हैं. यह जलमार्ग दुनिया के तेल परिवहन के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है.

'भविष्य में युद्ध न करने की गारंटी'

ईरान ने अपने प्रस्ताव में कुछ अलग शर्तें रखी हैं. उसने कहा है कि उसके अधिकारियों को निशाना बनाना बंद किया जाए, भविष्य में युद्ध न करने की गारंटी दी जाए और संघर्ष से हुए नुकसान की भरपाई की जाए. और साथ ही उसने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर अपनी संप्रभुता को मान्यता देने की मांग भी रखी है.

ईरान में 1500 से अधिक मौतें

इस संघर्ष का असर पूरे क्षेत्र पर साफ दिख रहा है. ईरान में 1500 से अधिक और लेबनान में करीब 1100 लोगों की मौत हो चुकी है. इजरायल समेत अन्य क्षेत्रों में भी कई लोग मारे गए हैं. लाखों लोग विस्थापित हो चुके हैं, जबकि मिसाइल हमले और हवाई कार्रवाई अब भी जारी हैं.

खाड़ी की ओर बढ़ रही अमेरिकी सेना

इस बीच एक बड़ी खबर सामने आई है. रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी सेना खाड़ी की ओर बढ़ रही है. अमेरिकी ताकत में ट्रिपोली एम्फीबियस रेडी ग्रुप को सबसे महत्वपूर्ण माना जा रहा है. इसमें युद्धपोत USS ट्रिपोली और 31वीं मरीन एक्सपेडिशनरी यूनिट शामिल है.