'हम मिलकर ईरान को वापस लेंगे...', निर्वासित राजकुमार रजा पहलवी ने की तेहरान की सड़कों पर कब्जा करने की अपील
निर्वासित राजकुमार रजा पहलवी ने ईरानियों से तेहरान और अन्य शहरों में सड़कों पर उतरने की अपील की है. उन्होंने ट्रैफिक जाम और बड़े विरोध प्रदर्शनों के जरिए शासन पर दबाव बढ़ाने का आह्वान किया है.
नई दिल्ली: ईरान के निर्वासित राजकुमार रजा पहलवी ने तेहरान और देश के अन्य बड़े शहरों में बड़े पैमाने पर सड़कों पर उतरने का आह्वान किया है. ईरान के आखिरी शाह मोहम्मद रजा पहलवी के बेटे रजा पहलवी ने शुक्रवार को कहा कि ईरानी जनता को शासन पर दबाव बढ़ाने के लिए सड़कों पर कब्जा करना होगा. उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात में जनता की एकजुट और विशाल मौजूदगी ही शासन के दमन को तोड़ने का प्रभावी रास्ता है.
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी संदेश में रजा पहलवी ने कहा कि दमन से बाहर निकलने के लिए लोगों को एक साथ पूरे शहर में उतरना होगा. उन्होंने अपील की कि मुख्य सड़कों और अहम मार्गों पर ट्रैफिक जाम और अवरोध पैदा किए जाएं. उनके अनुसार, जब लोग डर पर काबू पाकर सड़कों पर नियंत्रण हासिल कर लेंगे तो शासन की दमन करने की क्षमता और इच्छाशक्ति कमजोर पड़ जाएगी.
ईरान का क्राउन प्रिंस ने आगे क्या कहा?
रजा पहलवी ने कहा कि यह समय देश को वापस लेने का है. उन्होंने ज्यादा से ज्यादा ईरानियों से देशभर में चल रहे विरोध प्रदर्शनों में शामिल होने की अपील की. उन्होंने विशेष रूप से राजधानी तेहरान पर ध्यान केंद्रित करने की बात कही और कहा कि बड़े शहरों में सड़कों पर कब्जा आंदोलन के लिए निर्णायक कदम होगा.
एकजुट होकर कार्रवाई करने को क्यों कहा?
अपने बयान में रजा पहलवी ने कहा कि छोटे शहरों में दमनकारी ताकतों के खिलाफ साहस दिखाने वाले लोगों की बहादुरी को बड़े शहरों में जनसमर्थन की जरूरत है. उन्होंने कहा कि तेहरान और प्रमुख शहरों की सड़कों पर जनता की भारी मौजूदगी शासन विरोधी आंदोलन को नई ताकत देगी. उन्होंने लोगों से डर छोड़कर आगे आने और एकजुट होकर कार्रवाई करने का आग्रह किया.
अपने संदेश के अंत में रजा पहलवी ने कहा कि ईरानी जनता मिलकर देश को वापस लेगी और उसका पुनर्निर्माण करेगी. उन्होंने कहा कि यह संघर्ष केवल सत्ता बदलने का नहीं बल्कि ईरान के भविष्य को दोबारा गढ़ने का है.
रजा पहलवी ने ट्रंप को क्यों दिया धन्यवाद?
इससे पहले रजा पहलवी ने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को भी ईरानी जनता के समर्थन के लिए धन्यवाद दिया था. ट्रंप ने चेतावनी दी थी कि अगर ईरान शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों की हत्या करता है तो अमेरिका हस्तक्षेप के लिए तैयार है.