राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पाम बोंडी को पद से हटाया, चीनी जासूस और एपस्टीन फाइलों से जुड़ा है विवाद
ट्रंप ने अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को बर्खास्त कर दिया है. वहीं इससे पहले दोनों में एक बड़ा और तीखा टकराव भी हुआ था...
अमेरिकी सत्ता के केंद्र व्हाइट हाउस से एक बेहद चौंकाने वाली और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और अमेरिकी अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी के बीच एक बड़ा और तीखा टकराव हुआ है. बताया जा रहा है कि ट्रम्प ने बोंडी पर माफ न करने लायक अपराध का गंभीर आरोप लगाया है और उन्हें पद से बर्खास्त कर दिया है. हालांकि, व्हाइट हाउस की तरफ से इसकी आधिकारिक घोषणा होना अभी बाकी है.
फैसला बदलने की लगाई गुहार
रिपोर्ट्स का दावा है कि यह भारी बवाल राष्ट्रपति ट्रम्प के ईरान युद्ध पर दिए गए प्राइम-टाइम राष्ट्रव्यापी संबोधन से ठीक पहले हुआ. सूत्रों के अनुसार, पाम बोंडी इस फैसले से बेहद परेशान थीं और उन्होंने ट्रम्प से अपना फैसला बदलने और पद पर बनाए रखने की मिन्नतें भी कीं, लेकिन ट्रम्प अपने फैसले पर अडिग रहे.
क्या है इस बड़ी बर्खास्तगी की असली वजह?
पाम बोंडी की अचानक छुट्टी के पीछे दो बड़ी थ्योरी सामने आ रही हैं:
एपस्टीन फाइलें: वाशिंगटन के एक धड़े का मानना है कि ट्रम्प न्याय विभाग द्वारा एपस्टीन मामले की जांच के तरीके से सख्त नाराज थे. उनका मानना था कि बोंडी के नेतृत्व में न्याय विभाग ने इस मामले में ट्रम्प के राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों की ठीक से जांच नहीं की.
एरिक स्वॉलवेल और चीनी जासूस कनेक्शन: दूसरी और सबसे मजबूत वजह डेमोक्रेटिक नेता एरिक स्वॉलवेल से जुड़ी है. ट्रम्प को शक है कि बोंडी ने स्वॉलवेल को पहले ही गुप्त रूप से यह जानकारी दे दी थी कि FBI एक कथित चीनी जासूस क्रिस्टीन फैंग के साथ उनके संबंधों की फाइलें सार्वजनिक करने वाली है.
स्वॉलवेल ने FBI को दी कानूनी कार्रवाई की धमकी
कैलिफोर्निया के गवर्नर पद के प्रमुख डेमोक्रेटिक उम्मीदवार एरिक स्वॉलवेल इस खुलासे से घबराए हुए हैं. सोमवार को उनके वकीलों ने सीधे FBI निदेशक काश पटेल को एक सीज एंड डेसिस्ट लेटर भेजा है. पत्र में पटेल और FBI को बुधवार तक लिखित गारंटी देने को कहा गया है कि वे इन फाइलों को लीक नहीं करेंगे.
छवि खराब करने की साजिश
वकीलों ने चेतावनी दी है कि स्वॉलवेल को कभी दोषी नहीं पाया गया है. चुनाव से पहले इन फाइलों को सार्वजनिक करना उनकी छवि खराब करने की साजिश है. वकीलों ने इसे प्रथम संशोधन और 1974 के गोपनीयता कानून का सीधा उल्लंघन बताते हुए FBI पर गंभीर कानूनी कार्रवाई की धमकी दी है.
FBI चीफ काश पटेल कर रहे थे जांच
FBI चीफ काश पटेल खुद इस जांच को लीड कर रहे थे, लेकिन अंदरूनी सूत्रों का दावा है कि पाम बोंडी ने स्वॉलवेल से अपनी निजी दोस्ती के चलते मामले में दखल दिया और सीक्रेट्स लीक किए. इसी बात ने ट्रम्प का पारा सातवें आसमान पर पहुंचा दिया, जिसके बाद बोंडी की विदाई तय हो गई.