menu-icon
India Daily

तमिलनाडु विधानसभा चुनाव: DMK और कांग्रेस के बीच सीटों की डील फाइनल, जानें किसके हिस्से आई कितनी सीटें?

गठबंधन के भीतर सीटों को लेकर मतभेद बने हुए थे. कांग्रेस शुरुआत में 35 सीटों की मांग कर रही थी, जबकि डीएमके 25 से ज्यादा सीटें देने को तैयार नहीं थी.

Anuj
Edited By: Anuj
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव: DMK और कांग्रेस के बीच सीटों की डील फाइनल, जानें किसके हिस्से आई कितनी सीटें?

नई दिल्ली: तमिलनाडु विधानसभा चुनाव को लेकर सत्तारूढ़ गठबंधन में शामिल द्रविड़ मुनेत्र कड़गम) (DMK) और कांग्रेस के बीच सीट बंटवारे को लेकर चल रही खींचतान आखिरकार खत्म हो गई है. दोनों दलों ने कई दौर की बातचीत के बाद गठबंधन की औपचारिकताओं को अंतिम रूप दे दिया है.

रिपोर्ट के अनुसार, बुधवार सुबह कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और मुख्यमंत्री एम के स्टालिन के बीच फोन पर बातचीत हुई. इसी बातचीत में सीट शेयरिंग का फॉर्मूला तय हो गया. समझौते के तहत कांग्रेस राज्य की 28 विधानसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेगी. इसके साथ ही एक राज्यसभा सीट देने पर भी सहमति बनी है.

सीटों को लेकर मतभेद

गठबंधन के भीतर सीटों को लेकर मतभेद बने हुए थे. कांग्रेस शुरुआत में 35 सीटों की मांग कर रही थी, जबकि डीएमके 25 से ज्यादा सीटें देने को तैयार नहीं थी. इसी वजह से बातचीत कई दिनों तक अधर में रही. सूत्रों के अनुसार, डीएमके ने पहले 25 विधानसभा सीटों और एक राज्यसभा सीट का प्रस्ताव दिया था, जिसे कांग्रेस ने स्वीकार नहीं किया. पार्टी 30 से कम सीटों पर चुनाव लड़ने के पक्ष में नहीं थी.

कई स्तर पर चर्चा

मामले को सुलझाने के लिए कांग्रेस ने वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री पी चिदंबरम को बातचीत की जिम्मेदारी दी थी. उन्होंने डीएमके नेतृत्व से कई स्तर पर चर्चा की, लेकिन कोई ठोस नतीजा नहीं निकल सका. इसके बाद कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे ने सीधे स्टालिन से संपर्क साधा. दोनों नेताओं के बीच बातचीत सकारात्मक रही और अंततः 28 सीटों पर सहमति बन गई.

पिछले विधानसभा चुनाव में कैसा था प्रदर्शन?

पिछले विधानसभा चुनाव में डीएमके ने कांग्रेस को 25 सीटें दी थीं, जिनमें से 18 पर पार्टी के उम्मीदवार जीतकर विधानसभा पहुंचे थे. इस बार कांग्रेस ने बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद के साथ ज्यादा सीटों की मांग रखी थी, जिसमें दो राज्यसभा सीटों की भी मांग शामिल थी. हालांकि, अंतिम समझौते में कांग्रेस को 28 विधानसभा सीटें और एक राज्यसभा सीट पर संतोष करना पड़ा.

एकजुटता का संदेश देने का प्रयास

गठबंधन के इस रणनीतिक फैसले के बाद तमिलनाडु की सियासत में तस्वीर साफ हो गई है. दोनों दल जल्द ही संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस कर औपचारिक ऐलान करेंगे. इस समझौते के साथ सत्तारूढ़ गठबंधन ने चुनावी मुकाबले से पहले अपनी एकजुटता का संदेश देने की कोशिश की है.