PM मोदी कल हिमाचल और पंजाब के बाढ़ और भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र का करेंगे दौरा, जानें क्या है पूरा शेड्यूल?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 9 सितंबर को हिमाचल प्रदेश और पंजाब का दौरा करेंगे. वे दोनों राज्यों में बाढ़ और भूस्खलन से पैदा हुई स्थिति की समीक्षा करेंगे. पीएम मोदी कांगड़ा और गुरदासपुर में उच्चस्तरीय बैठकें करेंगे, प्रभावित परिवारों से मिलेंगे और एनडीआरएफ-एसडीआरएफ टीमों से बातचीत करेंगे. साथ ही वे बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वे भी करेंगे.
लगातार बारिश और बाढ़ से तबाह हुए हिमाचल प्रदेश और पंजाब की स्थिति का जायजा लेने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद मैदान में उतरने जा रहे हैं. रविवार को वे दोनों राज्यों का दौरा करेंगे. पीएम मोदी का यह दौरा राहत और पुनर्वास कार्यों की समीक्षा के साथ-साथ प्रभावित लोगों से सीधे संवाद पर केंद्रित होगा.
प्रधानमंत्री मोदी रविवार दोपहर करीब 1:30 बजे हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा पहुंचेंगे. यहां वे उच्चस्तरीय बैठक में अधिकारियों से स्थिति की जानकारी लेंगे. इसके अलावा वे प्रभावित लोगों से मुलाकात करेंगे और एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और आपदा मित्र टीमों से भी बातचीत करेंगे. पीएम मोदी प्रदेश के सबसे ज्यादा प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वे करेंगे ताकि नुकसान का प्रत्यक्ष आकलन किया जा सके.
पंजाब में हवाई सर्वे और समीक्षा
हिमाचल दौरे के बाद प्रधानमंत्री मोदी पंजाब का रुख करेंगे. वे शाम 4:15 बजे गुरदासपुर पहुंचेंगे और यहां बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वे करेंगे. इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर राहत कार्यों की स्थिति की समीक्षा करेंगे. पीएम मोदी प्रभावित परिवारों से मिलकर उनकी समस्याएं सुनेंगे और राहतकर्मियों से बातचीत कर अब तक की प्रगति का जायजा लेंगे.
विपक्ष ने जताई चिंता
हिमाचल विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने राज्य में मचे तबाही को लेकर गहरी चिंता जताई है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का दौरा स्वागत योग्य है. ठाकुर ने कहा 'इस आपदा ने हिमाचल को बुरी तरह झकझोर दिया है. शायद ही कोई जिला बचा हो जहां तबाही न हुई हो. नुकसान इतना बड़ा है कि राज्य को संभलने में कई साल लग जाएंगे.'
केंद्र से उम्मीदें
प्रधानमंत्री के दौरे से स्थानीय लोगों और सरकार को उम्मीद है कि केंद्र स्तर पर राहत पैकेज और मदद तेज होगी. आपदा से जूझ रहे दोनों राज्यों में पुनर्निर्माण और पुनर्वास की चुनौती बड़ी है. ऐसे में पीएम मोदी की सीधी समीक्षा और प्रभावित परिवारों से मुलाकात से राहत कार्यों में तेजी आने की संभावना है. विशेषज्ञ मानते हैं कि इस दौरे से न केवल राहत कार्यों में समन्वय बढ़ेगा बल्कि राज्यों की जरूरतों के अनुरूप अतिरिक्त मदद भी मिल सकेगी.