बस 72 घंटे और... फिर होगी तेज बारिश, आ गई IMD की भविष्यवाणी; 13 राज्यों में तूफान के साथ ठंडा होगा मौसम
भारतीय मौसम विभाग ने देशभर में मौसम को लेकर बड़ा अलर्ट जारी किया है. उत्तर भारत के कई राज्यों में अगले 72 घंटे तक भीषण गर्मी और लू जारी रहने की संभावना है.
नई दिल्ली: देशभर में मौसम का मिजाज तेजी से बदलने वाला है. आज सुबह 5 बजे ठंडी हवा चल रही थी. मौसम विभाग की मानें तो बहुत जल्द ही हवाओं का रुख बदलने वाला है. इससे उत्तर भारत के लोगों को झुलसा देने वाली गर्मी से राहत मिलेगी. मौसम विभाग ने कई राज्यों में तेज तूफान और भारी बारिश को लेकर अलर्ट भी दिया है.फिलहाल दिल्ली से लेकर राजस्थानऔर उत्तर प्रदेश तक गर्म हवाओं ने लोगों का घर से निकलना मुश्किल कर दिया है.
भारतीय मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले 72 घंटे बेहद चुनौतीपूर्ण रह सकते हैं. हालांकि इसी बीच राहत की खबर भी सामने आई है, क्योंकि मानसून इस बार सामान्य से पहले दस्तक दे सकता है और कई राज्यों को भीषण गर्मी से राहत मिल सकती है.
72 घंटे और करना होगा इंतजार
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने चेतावनी दी है कि दिल्ली-एनसीआर, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, पंजाब और हरियाणा में अगले कम से कम 72 घंटों तक भीषण गर्मी जारी रहेगी. कई शहरों में तापमान 47°C से 48°C तक पहुंचने की आशंका है, और वर्तमान में बांदा देश का सबसे गर्म स्थान बना हुआ है.
दिल्ली-एनसीआर में 26 मई तक लू की आशंका को लेकर रेड अलर्ट जारी है. सुबह से ही गर्म हवाएं चल रही हैं और रात का तापमान भी असामान्य रूप से अधिक बना हुआ है. हालांकि, मौसम विभाग को उम्मीद है कि 22 मई की रात से कुछ राहत मिलेगी, जब राजधानी के कुछ हिस्सों में धूल भरी आंधी और हल्की बारिश शुरू हो सकती है.
13 राज्यों में तूफान और बारिश की चेतावनी
जहां उत्तरी मैदानी इलाकों में भीषण गर्मी पड़ रही है, वहीं पूर्वी, उत्तरपूर्वी और दक्षिणी भारत में एक और मौसम प्रणाली विकसित हो रही है.
पश्चिमी विक्षोभ और बंगाल की खाड़ी तथा अरब सागर में बने चक्रवाती परिसंचरण के संयुक्त प्रभाव के कारण भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने 13 राज्यों में गरज, बिजली, ओलावृष्टि और भारी बारिश की चेतावनी जारी की है. कुछ क्षेत्रों में हवा की गति 80 से 100 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है.
मौसम विज्ञानियों का कहना है कि ये प्रणालियां एक साथ हिमालयी क्षेत्र, उत्तरी मैदानों, तटीय क्षेत्रों और पूर्वोत्तर को प्रभावित कर रही हैं, जिससे पूरे देश में मौसम की स्थिति में तीव्र भिन्नता उत्पन्न हो रही है.
मानसून तेजी से आगे बढ़ रहा
मौसम की चरम स्थितियों के बीच, सबसे महत्वपूर्ण घटनाक्रम दक्षिण-पश्चिम मानसून की तीव्र प्रगति है. मौसम विशेषज्ञों और स्काईमेट के पूर्वानुमानों के अनुसार, मानसून अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में प्रवेश कर चुका है और सामान्य से अधिक तेज़ी से आगे बढ़ रहा है.
मौसम विज्ञान विभाग (IMD) का अनुमान है कि मानसून केरल में 26 मई तक, यानी निर्धारित समय से थोड़ा पहले, पहुंच सकता है. अगर मौजूदा रफ्तार बनी रही, तो पानी की कमी से जूझ रहे कई राज्यों और कृषि प्रधान क्षेत्रों को इस साल मौसमी राहत जल्दी मिल सकती है.
केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक, महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश में मानसून से पहले की गतिविधियां तेज हो चुकी हैं, और तटीय और पहाड़ी क्षेत्रों में भारी बारिश का पूर्वानुमान है.
उत्तर प्रदेश और राजस्थान की हालत खराब
उत्तर प्रदेश में बुंदेलखंड सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्र बना हुआ है. बांदा में तापमान 48 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच गया है, जबकि कानपुर, प्रयागराज, झांसी, वाराणसी, नोएडा और आगरा सहित कई शहरों में लू की स्थिति को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है.
मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने संकेत दिया है कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 23 मई के बाद मौसम के मिजाज में बदलाव देखने को मिल सकता है, हालांकि निवासियों को तब तक दिन के सबसे गर्म घंटों के दौरान बाहरी गतिविधियों से बचने की सलाह दी गई है.
बिहार-झारखंड में अचानक बदलेगा मौसम
मध्य और उत्तर पश्चिमी भारत में व्याप्त शुष्क गर्मी के विपरीत, बिहार में अगले 12 घंटों में मौसम में अचानक बदलाव देखने को मिल सकता है. पटना, भागलपुर, दरभंगा, पूर्णिया और मुजफ्फरपुर के लिए बारिश, तेज हवाओं और बिजली गिरने की चेतावनी जारी की गई है. कई जिलों में ओलावृष्टि की भी संभावना है, जबकि नेपाल सीमा के निकटवर्ती क्षेत्रों में धूल भरी आंधी चल सकती है. राज्य के अन्य हिस्सों में तूफान की संभावना के बावजूद, गया सहित दक्षिणी बिहार में गर्म हवाएं चलने की संभावना बनी रहेगी.
पड़ोसी राज्य झारखंड में रांची, जमशेदपुर, बोकारो और धनबाद में 70 किमी प्रति घंटे तक की रफ्तार से आंधी और तूफान आने की आशंका है. अधिकारियों ने निवासियों को तूफान के दौरान कमजोर ढांचों और पेड़ों से दूर रहने की सलाह दी है.
पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में रेड अलर्ट जारी
पंजाब और हरियाणा में भी भीषण गर्मी पड़ रही है, जहां तापमान 44 से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच है. चंडीगढ़, हिसार, भिवानी और पटियाला जैसे शहरों में 26 मई तक रेड अलर्ट जारी है. हालांकि 22 मई से धूल भरी आंधी और हल्की बारिश से थोड़ी राहत मिल सकती है, लेकिन मौसम विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि इसके बाद आर्द्रता का स्तर बढ़ सकता है, जिससे असुविधा बढ़ सकती है.
पहाड़ी राज्यों में बारिश-बर्फबारी की संभावना
आने वाले दिनों में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव हिमालयी राज्यों पर भी पड़ने की आशंका है. उत्तराखंड में 21 मई की रात से चमोली, पिथौरागढ़ और उत्तरकाशी में बारिश, ओलावृष्टि और बिजली गिरने का पूर्वानुमान है. राज्य के मैदानी इलाकों में तापमान पहले ही 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच चुका है.
हिमाचल प्रदेश में 22 और 23 मई को शिमला, कांगड़ा और मंडी में तेज हवाएं और बारिश हो सकती है, जिसमें हवा के झोंके 40 से 50 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं.
जम्मू और कश्मीर में अगले दो दिनों में ऊंचे पहाड़ी इलाकों में बारिश और बर्फबारी होने की संभावना है, जिससे तापमान में गिरावट आएगी और पर्यटकों और निवासियों दोनों को राहत मिलेगी.