"वो दिन दूर नहीं जब Google पर सर्च होगा 'घोटाला'' और स्क्रीन पर CM शिवराज की तस्वीर....", कमलनाथ ने आरोप पत्र के जरिए बोला करारा हमला

Madhya Pradesh Elections 2023: मध्य प्रदेश कांग्रेस इकाई के प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ ने राज्य की बीजेपी की शिवराज सरकार के खिलाफ आरोप पत्र जारी किया है. कमलनाथ ने शिवराज सरकार पर करारा हमला बोलते हुए दावा किया कि यह आरोप पत्र राज्य सरकार के कार्यकाल में हुए विभिन्न घोटालों को उजागर करता है.

Avinash Kumar Singh

नई दिल्ली: मध्य प्रदेश की चुनावी रणभेरी बजने में अभी कुछ महीनों का वक्त बाकी है लेकिन सूबे का सियासी तपिश बढ़ता ही जा रहा हैं. बीजेपी और कांग्रेस पार्टी पूरी तरह एक्शन मोड में आ गई है. दोनों पार्टियों ने अपने -अपने स्तर पर चुनावी रणनीतियों को अमलीजामा पहनाना शुरु कर दिया है. चुनावी साल है तो जाहिर तौर पर चुनावी बातें होगीं.

"कमलनाथ 2018 का मॉडल नहीं 2023 का मॉडल"

इसी बीच मध्य प्रदेश कांग्रेस इकाई के प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ ने राज्य की बीजेपी की शिवराज सरकार के खिलाफ आरोप पत्र जारी किया है. कमलनाथ ने शिवराज सरकार पर करारा हमला बोलते हुए दावा किया कि यह आरोप पत्र राज्य सरकार के कार्यकाल में हुए विभिन्न घोटालों को उजागर करता है. सरकार में आने पर बीजेपी के 250 से ज्यादा घोटाले की फाइलें खुलवाने के सवाल पर कमलनाथ ने बड़ा दिलचस्प जवाब दिया. उन्होंने कहा कि"अब कमलनाथ 2018 का मॉडल नहीं है यह 2023 का मॉडल है"

"शिवराज सरकार दुनिया की सबसे घोटालेबाज सरकार"

भोपाल में प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कमलनाथ ने बड़ा बयान देते हुए कहा कि "मध्य प्रदेश में शिवराज सिंह चौहान सरकार दुनिया की सबसे घोटालेबाज सरकार है. सीएम चौहान ने अपने 18 साल के कार्यकाल के दौरान विभिन्न घोटाले करके भ्रष्टाचार का नया रिकॉर्ड कायम किया है. इस सरकार के कुकर्मों की सूची बहुत लंबी है. इसमें कुछ घोटाले भी शामिल हैं. कांग्रेस पार्टी ने शिवराज सरकार के 18 साल के कार्यकाल के दौरान हुए घोटाले का चिट्ठा निकाला है. इस आरोप पत्र के जरिये शिवराज सरकार के घोटाले और उनके काले कारनामे के साथ- साथ 50 प्रतिशत कमीशन वाली सरकार की सच्ची तस्वीर प्रदेश की जनता के सामने पेश किया गया है.

"कमलनाथ ने शिवराज सरकार के घोटालों की जारी की लिस्ट"

कांग्रेस की ओर से जारी किये गए आरोप पत्र के मुताबिक कथित घोटालों में 15,000 करोड़ रुपये का पोषण घोटाला, 12,000 करोड़ रुपये का मध्याह्न भोजन घोटाला, 9,500 करोड़ रुपये का आंगनवाड़ी नल जल घोटाला, 600 करोड़ रुपये का वर्दी घोटाला, 2,000 करोड़ रुपये का सर्व शिक्षा अभियान घोटाला, व्यापम घोटाला शामिल है. वहीं 2,000 करोड़ रुपये, 2,000 करोड़ रुपये का नर्सिंग घोटाला, 3,000 करोड़ रुपये का कौशल घोटाला, 2,500 करोड़ रुपये का पैरामेडिकल छात्रवृत्ति घोटाला, 94,000 करोड़ रुपये का बिजली घोटाला, 10,000 करोड़ रुपये का जल जीवन मिशन घोटाला और 50,000 करोड़ रुपये का चेक पोस्ट घोटाला शामिल है.

"कोई खोजेगा Google पर 'घोटाला'' और स्क्रीन पर सीएम शिवराज की तस्वीर"

कमलनाथ ने शिवराज सरकार पर जोरदार हमला बोलते हुए कहा कि चाहे बच्चा हो या बुजुर्ग, प्रदेश में हर किसी को इस सरकार ने ठगा है. बीजेपी सरकार बाबा महाकाल या पवित्र गायों को भी नहीं बख्शा. आज प्रदेश का हर व्यक्ति या तो भ्रष्टाचार का शिकार है या इसका गवाह है. उन्होंने मध्य प्रदेश पर भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा दाग लगाया है. मौजूदा शिवराज सरकार जनादेश के आधार पर नहीं बल्कि पैसे के आधार पर बनी है. यह सरकार लोकतंत्र को तहस-नहस करके बनी है. इनका मंत्र है सरकारी खजाना लूटना और घोटाले करना. वह दिन दूर नहीं जब कोई खोजेगा Google पर 'घोटाला'' और स्क्रीन पर सीएम शिवराज की तस्वीर दिखाई देगी.

“शिवराज सरकार कमीशनखोरी, भ्रष्टाचार, घोटालों को समझती है अपना अधिकार”

कमलनाथ ने अपने बयान में आगे कहा कि शिवराज सरकार कमीशनखोरी, भ्रष्टाचार और घोटालों को अपना अधिकार समझने लगी है. यही कारण है कि 50 फीसदी कमीशन के नियम से परेशान होकर एक ठेकेदार ने पत्र लिखा और अखबारों ने इसे खूब छापा. हमारे कुछ वरिष्ठ नेताओं ने पत्र को अपने सोशल मीडिया हैंडल पर साझा किया.इस सरकार के इशारे पर उनके खिलाफ मामले दर्ज किए गए. गुरुवार को भी रीवा में एक अन्य ठेकेदार ने कहा कि गौशाला निर्माण में 50 फीसदी कमीशन का नियम है. इससे पता चलता है कि शिवराज सरकार ने गलत किया लेकिन इसके लिए दूसरों को दोषी ठहराया. कमलनाथ ने कहा कि आरोप पत्र मध्य प्रदेश के हर घर में बांटे जाएंगे ताकि लोगों को पता चले कि उन्हें इस सरकार ने कैसे लूटा है.

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