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CBSE छात्रों के लिए बड़ा दिन, आज से कॉपियों की फिर होगी जांच; यहां जानें कब और कैसे शुरु हुआ विवाद

सीबीएसई ने कक्षा 12 के पुनर्मूल्यांकन और सत्यापन प्रक्रिया की शुरुआत कर दी है. अब तक 4 लाख से अधिक छात्र 11 लाख से ज्यादा उत्तर पुस्तिकाओं के लिए आवेदन कर चुके हैं.

ANI
Reepu Kumari

नई दिल्ली: सीबीएसई कक्षा 12 के लाखों छात्रों के लिए आज का दिन बेहद अहम माना जा रहा है. बोर्ड ने पुनर्मूल्यांकन और सत्यापन प्रक्रिया की शुरुआत कर दी है, जिसके बाद छात्र अपनी उत्तर पुस्तिकाओं की दोबारा जांच के लिए आवेदन कर सकेंगे. रिजल्ट आने के बाद बड़ी संख्या में छात्रों ने अपने अंकों को लेकर सवाल उठाए थे.

बोर्ड के मुताबिक अब तक 4 लाख से ज्यादा छात्र 11 लाख से अधिक उत्तर पुस्तिकाओं के पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन कर चुके हैं. इस बीच ऑन स्क्रीन मार्किंग सिस्टम को लेकर उठे विवाद ने भी छात्रों और अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी थी. हालांकि बोर्ड ने सभी आरोपों को गलत बताते हुए प्रक्रिया को पूरी तरह सुरक्षित बताया है.

पुनर्मूल्यांकन प्रक्रिया आज से शुरु

सीबीएसई कक्षा 12 के पुनर्मूल्यांकन की प्रक्रिया आज से आधिकारिक वेबसाइट cbse.gov.in पर शुरू हो रही है. पुनर्मूल्यांकन के इच्छुक छात्र आधिकारिक वेबसाइट cbse.gov.in पर आवेदन कर सकते हैं. 

12वीं के पुनर्मूल्यांकन या सत्यापन प्रक्रिया के लिए आवेदन कैसे करें

केवल वो छात्र जिन्होंने उत्तर पुस्तिकाओं की फोटोकॉपी के लिए आवेदन किया है, वे ही जांच में पाई गई त्रुटियों के सत्यापन और/या पुनर्मूल्यांकन के लिए आवेदन करने के पात्र होंगे. आवेदक को संबंधित विषय की अंकन योजना देखनी होगी, जो प्रश्न पत्र के साथ वेबसाइट पर उपलब्ध होगी. 

किए गए अनुरोधों की स्थिति उम्मीदवार के लॉगिन विवरण पर अपलोड की जाएगी और उपलब्ध होगी. एक अंक की कटौती भी प्रभावी होगी. 

पुनर्मूल्यांकन का परिणाम अंतिम होगा, और पुनर्मूल्यांकन के विरुद्ध कोई अपील या समीक्षा स्वीकार नहीं की जाएगी. बोर्ड द्वारा दिए गए अंक अंतिम होंगे और उम्मीदवारों पर बाध्यकारी होंगे. 

सीबीएसई ओएसएम विसंगति विवाद

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की ऑन स्क्रीन मार्किंग (OSM) मूल्यांकन प्रणाली में अनियमितताओं की खबरों के बाद, शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा, 'मैं इन अनियमितताओं की जिम्मेदारी लेता हूं. इन मुद्दों को सुधारा जाएगा और उचित कदम उठाए जाएंगे. मैं छात्रों को आश्वस्त कर सकता हूं कि किसी भी प्रश्न का उत्तर दिए बिना या उसका समाधान किए बिना नहीं छोड़ा जाएगा.'

सीबीएसई ने अफवाहों का किया खंडन

इस बीच, सीबीएसई ने सोशल मीडिया पर चल रही उन अफवाहों को खारिज कर दिया है जिनमें कहा गया था कि उसकी ऑन स्क्रीन मार्किंग (ओएसएम) मूल्यांकन प्रणाली हैक हो गई है. बोर्ड ने कहा कि ये आरोप गलत सूचनाओं पर आधारित हैं और उत्तर पुस्तिकाओं की जांच के लिए इस्तेमाल किए जा रहे वास्तविक प्लेटफॉर्म से संबंधित नहीं हैं. सीबीएसई ने आगे स्पष्ट किया कि वास्तविक मूल्यांकन प्रणाली एक अलग सुरक्षित यूआरएल पर संचालित होती है. उसने इस बात पर जोर दिया कि इस आधिकारिक प्लेटफॉर्म से कोई छेड़छाड़ नहीं हुई है और उत्तर पुस्तिकाओं की जांच के लिए इस्तेमाल की जा रही प्रणाली में कोई सुरक्षा उल्लंघन नहीं पाया गया है.

भ्रम फैलाने की कोशिश 

बोर्ड ने आगे कहा कि ऑनलाइन साझा किए जा रहे दावे परीक्षा स्थल और लाइव मूल्यांकन पोर्टल के बीच भ्रम पर आधारित प्रतीत होते हैं. बोर्ड ने इस बात पर जोर दिया कि परीक्षा स्थल अलग है और परीक्षाओं के लिए उपयोग किए जाने वाले परिचालन ढांचे का हिस्सा नहीं है. 

छात्रों और हितधारकों को आश्वस्त करते हुए, सीबीएसई ने कहा कि मूल्यांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए ओएसएम प्रणाली विकसित की गई है. इसने यह भी बताया कि निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए उचित शिकायत निवारण तंत्र मौजूद हैं. 

सीबीएसई की पुनर्मूल्यांकन/सत्यापन प्रक्रिया के बारे में विस्तृत जानकारी के लिए, कृपया आधिकारिक वेबसाइट - cbse.gov.in पर जाएं .