कल पेश होगा केंद्रीय बजट 2026, कब, कहां और कैसे देखें निर्मला सीतारमण का भाषण लाइव

बजट पेश होने से पहले आर्थिक सर्वे भी सदन में रखा जा चुका है, जो देश की आर्थिक स्थिति की रिपोर्ट देता है. इस बजट से मध्यम वर्ग को टैक्स में राहत, इंफ्रास्ट्रक्चर पर ज्यादा खर्च और अन्य क्षेत्रों में मदद की उम्मीद है.

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Sagar Bhardwaj

कल रविवार, 1 फरवरी 2026 को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण संसद में केंद्रीय बजट 2026-27 पेश करेंगी. यह बजट सुबह करीब 11 बजे लोकसभा में रखा जाएगा. यह काफी खास मौका है क्योंकि पिछले कई सालों में पहली बार बजट रविवार को पेश हो रहा है. लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने पहले ही इस तारीख की पुष्टि कर दी थी. यह निर्मला सीतारमण का लगातार नौवां बजट होगा, जो भारत के संसदीय इतिहास में एक रिकॉर्ड है. 

वे 31 मई 2019 से वित्त मंत्रालय संभाल रही हैं और 31 जनवरी 2026 तक उन्होंने छह साल आठ महीने पूरे कर लिए. इससे पहले मोरारजी देसाई ने 10 बार और पी चिदंबरम ने 9 बार बजट पेश किया था, लेकिन लगातार नहीं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे संसदीय परंपरा में गर्व का क्षण बताया है.

बजट पेश होने से पहले आर्थिक सर्वे भी सदन में रखा जा चुका है, जो देश की आर्थिक स्थिति की रिपोर्ट देता है. इस बजट से मध्यम वर्ग को टैक्स में राहत, इंफ्रास्ट्रक्चर पर ज्यादा खर्च और अन्य क्षेत्रों में मदद की उम्मीद है.

बजट भाषण को कैसे देखें लाइव

बजट का लाइव प्रसारण कई जगहों पर उपलब्ध होगा. संसद टीवी (Sansad TV) और डीडी न्यूज पर इसका सीधा प्रसारण किया जाएगा.

संसद टीवी के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर भी इसकी लाइव स्ट्रीमिंग होगी.

प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) के यूट्यूब चैनल पर भी आप इसका लाइव प्रसारण देख सकते हैं.

आप घर बैठे मोबाइल या कंप्यूटर पर इन वेबसाइट्स पर जाकर आसानी से बजट भाषण देख सकते हैं. बजट भाषण करीब 1 से डेढ़ घंटे तक चलेगा.

बजट दस्तावेज कहां मिलेंगे

बजट पेश होने के बाद सभी आधिकारिक दस्तावेज जैसे एनुअल फाइनेंशियल स्टेटमेंट, डिमांड फॉर ग्रांट्स और फाइनेंस बिल indiabudget.gov.in वेबसाइट पर उपलब्ध होंगे. 

यूनियन बजट मोबाइल ऐप (एंड्रॉयड और आईओएस दोनों पर) में भी हिंदी और अंग्रेजी में ये दस्तावेज डाउनलोड कर सकते हैं. यह ऐप सांसदों और आम लोगों के लिए आसान बनाया गया है.

संसद का बजट सत्र

बजट सत्र 28 जनवरी से शुरू होकर 2 अप्रैल 2026 तक चलेगा. इसमें कुल 30 बैठकें होंगी - पहले हिस्से में 13 और दूसरे में 17. 13 फरवरी से 9 मार्च तक अवकाश अवधि चलेगी, जिसमें विभिन्न मंत्रालयों की मांगों की जांच स्टैंडिंग कमेटियां करेंगी और रिपोर्ट देंगी. यह बजट देश की अर्थव्यवस्था के लिए अहम होगा. लोग टैक्स स्लैब में बदलाव, नौकरियों और विकास पर फोकस की उम्मीद कर रहे हैं.