मंगलवार को शेयर मार्केट का निकला दम, सेंसेक्स सपाट और निफ्टी 24,100 के नीचे हुआ बंद
मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार मामूली गिरावट के साथ बंद हुआ. निफ्टी 24,055.80 और सेंसेक्स 76,944.28 पर रहा. आईटी और एफएमसीजी शेयरों में तेजी के बावजूद बैंकिंग, ऑटो और फार्मा पर दबाव रहा.
मंगलवार के कारोबारी सत्र में भारतीय शेयर बाजार में ज्यादा उतार-चढ़ाव नहीं दिखा, लेकिन प्रमुख सूचकांक हल्की कमजोरी के साथ बंद हुए. निफ्टी 24,100 के स्तर को कायम नहीं रख सका, जबकि सेंसेक्स लगभग सपाट रहा. महंगे कच्चे तेल, विदेशी निवेशकों की बिकवाली और कमजोर वैश्विक संकेत बाजार पर दबाव डालते रहे.
निफ्टी 24 हजार के करीब, सेंसेक्स भी मामूली गिरा
कारोबार खत्म होने पर निफ्टी 50 में 24.60 अंक यानी 0.10 प्रतिशत की गिरावट दर्ज हुई और यह 24,055.80 पर बंद हुआ. पूरे सत्र के दौरान 24,000 का स्तर बाजार के लिए अहम सहारा बना रहा. वहीं बीएसई सेंसेक्स 12.99 अंक यानी 0.02 प्रतिशत फिसलकर 76,944.28 पर बंद हुआ.
बाजार विशेषज्ञ अनिल सिंघवी के मुताबिक, निफ्टी के लिए 23,800 से 24,000 का क्षेत्र महत्वपूर्ण सपोर्ट है, जबकि 24,125 से 24,165 के बीच तत्काल रेजिस्टेंस बना हुआ है. साप्ताहिक एक्सपायरी के लिहाज से 24,100 भी अहम स्तर माना जा रहा है.
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बैंकिंग शेयरों पर दबाव, बैंक निफ्टी 1% से ज्यादा टूटा
बैंकिंग शेयरों में बिकवाली का असर पूरे बाजार पर दिखा. निफ्टी बैंक 1.06 प्रतिशत गिरकर 57,409.60 पर बंद हुआ. विशेषज्ञों के अनुसार, पिछले सत्र में बैंकिंग शेयरों में आई तेज बढ़त के बाद कुछ मुनाफावसूली ने भी दबाव बढ़ाया.
बैंक निफ्टी के लिए 57,250 से 57,500 का स्तर महत्वपूर्ण सपोर्ट माना जा रहा है, जबकि 57,675 से 57,875 के बीच रेजिस्टेंस है. 57,500 को निर्णायक स्तर बताया गया है. अगर निफ्टी 24,000 के नीचे जाता है और बैंक निफ्टी 57,250 से नीचे फिसलता है, तो बाजार में कमजोरी और बढ़ सकती है.
ITC और HCLTech में तेजी, Maruti सबसे बड़ा कमजोर शेयर
सेक्टोरल प्रदर्शन मिला-जुला रहा. निफ्टी आईटी में 0.98 प्रतिशत और एफएमसीजी इंडेक्स में 0.94 प्रतिशत की बढ़त रही. ऑयल एंड गैस इंडेक्स भी 0.35 प्रतिशत ऊपर रहा. इसके विपरीत फार्मा 1.45 प्रतिशत, हेल्थकेयर 1.60 प्रतिशत, रियल्टी 1.42 प्रतिशत और ऑटो इंडेक्स 1.22 प्रतिशत गिरा.
सेंसेक्स के शेयरों में ITC करीब 3.98 प्रतिशत चढ़ा, जबकि HCLTech में 3.21 प्रतिशत की तेजी रही. Infosys और Bharti Airtel भी मजबूत रहे. दूसरी ओर Maruti Suzuki 4.16 प्रतिशत टूटकर सबसे बड़ा कमजोर शेयर रहा. SBI, Bajaj Finserv और M&M में भी गिरावट दर्ज हुई.
महंगा कच्चा तेल और FII बिकवाली बनी चिंता
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, महंगा कच्चा तेल अभी बाजार के लिए सबसे बड़ी चिंता बना हुआ है. ब्रेंट क्रूड की कीमत 94-95 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंचने के बाद लगभग 92 डॉलर तक आई. अमेरिका और ईरान के बीच जारी भू-राजनीतिक तनाव से तेल की कीमतों को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है. विदेशी निवेशकों की बिकवाली भी पिछले तीन कारोबारी सत्रों में बढ़ी है.
हालांकि घरेलू फंडों की खरीदारी ने बाजार को निचले स्तरों पर सहारा दिया. ऑटो बिक्री के आंकड़े अधिकांश कंपनियों के लिए संतोषजनक रहे, लेकिन Maruti का प्रदर्शन कमजोर रहा. वहीं चीनी कंपनियों पर स्टॉक सीमा घटाए जाने के बाद शुगर शेयरों में दबाव देखने को मिला.