पश्चिम बंगाल विधानसभा में पहले चरण मतदान के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज यानी रविवार को उत्तर 24 परगना जिले के बोंगांव में एक भारी भीड़ वाली जनसभा को संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस पर जोरदार हमला बोलते हुए दावा किया कि पार्टी को पहले चरण में ही बड़ा झटका लगा है.
बंगाली भाषा में बोलते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि अब चुनावी माहौल साफ तौर पर भारतीय जनता पार्टी के पक्ष में जा रहा है. उन्होंने कहा कि हमने पहले चरण में ही टीएमसी के घमंड को तोड़ दिया है. साथ ही यह भी कहा कि दूसरे चरण का मतदान BJP के लिए निर्णायक साबित हो सकता है. उन्होंने इस रैली के दौरान TMC शासन की कई कमियों पर सवाल उठाए.
प्रधानमंत्री ने मौजूदा TMC शासन की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि राज्य में छोटे-मोटे नेता और गुंडे भी खुद को सत्ता का मालिक समझने लगे हैं. उन्होंने कहा कि यह स्थिति शासन व्यवस्था और जवाबदेही में आई भारी गिरावट को दर्शाती है. पीएम मोदी ने TMC के शासन को महा जंगलराज करार देते हुए कहा कि ऐसे में आम लोगों का जीवन प्रभावित हो रहा है.
उन्होंने TMC के संस्थापक नारे मां, माटी, मानुष पर भी सवाल उठाया. प्रधानमंत्री ने कहा कि अब पार्टी इस नारे का इस्तेमाल तक नहीं करती, क्योंकि उसके काम इन आदर्शों के बिल्कुल विपरीत हैं. माताओं को कष्ट झेलना पड़ रहा है, जमीन का दुरुपयोग हो रहा है और लोग पलायन के लिए मजबूर हो रहे हैं. पीएम मोदी ने इन तीनों मोर्चों पर TMC सरकार की नाकामी का आरोप लगाया.
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि BJP के लिए किसानों का कल्याण सर्वोच्च प्राथमिकता है. उन्होंने पिछले 11 वर्षों में केंद्र सरकार द्वारा किए गए कार्यों का उल्लेख किया. जूट के लिए MSP को दोगुना करने, जूट खरीद को तीन गुना बढ़ाने, गेहूं और चावल की पैकेजिंग में 100 प्रतिशत जूट के इस्तेमाल को अनिवार्य करने और सिंगल-यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध लगाने जैसे कदमों का जिक्र किया. उन्होंने जोर देकर कहा कि बंगाल के किसानों के हित में TMC सरकार को बदलना जरूरी है. प्रधानमंत्री ने हुगली नदी के आसपास के इलाके का उदाहरण देते हुए कहा कि यह क्षेत्र कभी मिलों और फैक्टरियों का गढ़ था, लेकिन आज वहां पुरानी मिलों पर ताले लग रहे हैं.