पाइल्स का नहीं होना चाहते शिकार तो आज से शुरू करें ये काम
Princy Sharma
30 Jan 2025
पाइल्स
आजकल Piles ( Haemorrhoids) बहुत ही सामान्य बीमारी हो गई है. चलिए इस बीमारी से जुड़े लक्षण, बचाव और उपाय के बारे में जानते हैं.
क्या होती है पाइल्स?
आम भाषा में लोग हेमरोइड्स को पाइल्स के नाम से पहचानते हैं. यह गुदा और निचले मलाशय में सूजी हुई नसें होती हैं
प्रकार
पाइल्स बीमारी दो प्रकार की होती है बाहरी पाइल्स और आंतरिक पाइल्स. बाहरी पाइल्स गुदा के आस-पास की त्वचा के नीचे स्थित होती है.
समस्या
बाहरी पाइल्स होने के कारण खुजली, बेचैनी, सूजन और ब्लीडिंग जैसी समस्या का सामना करना पड़ सकता है.
आंतरिक पाइल्स
आंतरिक पाइल्स मलाशय के अंदर होती है. इससे मल त्याग के दौरान दर्द रहित ब्लीडिंग होने लगती है जिससे दर्द और जलन हो सकती है.
कारण
आमतौर पर पाइल्स मल त्याग के दौरान तनाव के कारण हो सकता है. इसके अलावा लंबे समय तक बैठे रहना, खासकर शौचालय पर, दस्त या कब्ज होना, मोटापा, गर्भावस्था, कम फाइबर वाला आहार और कम पानी पीना या नियमित रूप से भारी वजन उठाने से हो सकता है.
उपाय
पाइल्स की रोकथाम में मुख्य रूप से मल को नरम बनाए रखना शामिल है ताकि मल त्याग आसान हो. इसके साथ ज्यादा तीखा और मसाले युक्त खानपान से दूरी बनानी चाहिए.
डाइट
पाइल्स की समस्या से दूर रहने के लिए फाइबर से भरपूर आहार लें. ऐसे में अपनी डाइट में फल, सब्जियां और साबुत अनाज खाने में शामिल करें. इसके साथ दिन भर में खूब पानी पिएं.
स्ट्रेस
ज्यादा स्ट्रेस लेने से भी पाइल्स की समस्या हो सकती है. इसलिए ज्यादा स्ट्रेस न लें और कब्ज को रोकने के लिए नियमित व्यायाम करें.
डिस्क्लेमर
यहां दी गई सभी जानकारी सामान्य मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. theindiadaily.com इन मान्यताओं और जानकारियों की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह ले लें.