T20 World Cup 2026

अधिक धन चाहिए इसलिए नहीं हुई करों में वृद्धि? निर्मला सीतारमण ने दिया जवाब

बजट को 'भविष्यवादी' बताते हुए वित्त मंत्री ने जोर देकर कहा कि जब तक सुधार जारी रहेगा, सरकार पूंजीगत व्यय पर अपना ध्यान केंद्रित करना जारी रखेगी. निर्मला सीतारमण ने कहा कि एनडीए 3.0 ऐतिहासिक है और बजट में देश के युवाओं को कौशल प्रदान करने के लिए छोटे और बड़े आवंटन किए गए हैं. 

Social Media
India Daily Live

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि केंद्रीय बजट 2024 में करों में बढ़ोतरी नहीं की गई है, बल्कि यह गणना के आधार पर की गई है. उन्होंने सीएनबीसी-टीवी18 से कहा कि ऐसा कुछ भी नहीं किया गया है या इस उद्देश्य से नहीं किया गया है कि सरकार अधिक धन चाहती है. उन्होंने कहा कि करों में वृद्धि इसलिए नहीं की गई है क्योंकि सरकार अधिक धन चाहिए. यह निर्णय इस विचार पर आधारित है कि प्रत्येक परिसंपत्ति वर्ग के साथ समान व्यवहार किया जाना चाहिए.

बजट को 'भविष्यवादी' बताते हुए वित्त मंत्री ने जोर देकर कहा कि जब तक सुधार जारी रहेगा, सरकार पूंजीगत व्यय पर अपना ध्यान केंद्रित करना जारी रखेगी. निर्मला सीतारमण ने कहा कि एनडीए 3.0 ऐतिहासिक है और बजट में देश के युवाओं को कौशल प्रदान करने के लिए छोटे और बड़े आवंटन किए गए हैं. 

उन्होंने यह भी कहा कि सरकार बजट 2024 में प्रस्तावित कर परिवर्तनों पर सभी के विचारों के लिए खुली है. हालांकि, वित्त विधेयक अब संसद के पास है और यह सदन की संपत्ति है, मैं इस पर बाहर टिप्पणी नहीं कर सकती.  सीतारमण ने कहा कि अचल संपत्तियों के मामले में लंबी अवधि के पूंजिगत लाभ पर कर की दर को 20 प्रतिशत सेघटाकर 12.5 प्रतिशत करनेकी घोषणा की. हालांकि, इसके साथ 'इंडेक्सेशन लाभ' (निवेश मूल्य पर मुद्रास्फीति के प्रभाव का आकलन) को हटा दिया गया है.

नया टैक्स स्ट्रक्चर

0-3 लाख रुपये: शून्य (अपरिवर्तित)
3-7 लाख रुपये: 5% (पहले 3-6 लाख रुपये पर 5%)

7-10 लाख रुपये: 10% (पहले 6-9 लाख रुपये पर 10%)

10-12 लाख रुपये: 15% (पहले 9-12 लाख रुपये पर 15%)

12-15 लाख रुपये: 20% (अपरिवर्तित)

15 लाख रुपये से अधिक: 30% (अपरिवर्तित)