Heera Singh Bisht Death: उत्तराखंड कांग्रेस को बड़ा झटका, पूर्व कैबिनेट मंत्री हीरा सिंह बिष्ट का निधन; पार्टी में शोक की लहर

उत्तराखंड के पूर्व कैबिनेट मंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हीरा सिंह बिष्ट का रविवार सुबह निधन हो गया. लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे बिष्ट के निधन पर कांग्रेस नेताओं ने गहरा शोक व्यक्त किया और उनके जनसेवा के योगदान को याद किया.

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Babli Rautela

उत्तराखंड की राजनीति से एक दुखद खबर सामने आई है. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता, पूर्व कैबिनेट मंत्री और इंटक (INTUC) के प्रदेश अध्यक्ष रहे हीरा सिंह बिष्ट का रविवार सुबह निधन हो गया. वह पिछले काफी समय से अस्वस्थ चल रहे थे और उनका उपचार चल रहा था. उनके निधन की खबर मिलते ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं में शोक की लहर दौड़ गई.

हीरा सिंह बिष्ट लंबे समय तक कांग्रेस संगठन से जुड़े रहे और उत्तराखंड राज्य गठन से पहले तथा उसके बाद भी पार्टी में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं. उन्हें प्रदेश की राजनीति में एक अनुभवी और जनप्रिय नेता के रूप में जाना जाता था.

जनसेवा को समर्पित रहा जीवन

हीरा सिंह बिष्ट का राजनीतिक जीवन जनसेवा, सामाजिक सरोकारों और संगठन के प्रति समर्पण के लिए जाना जाता है. उन्होंने कांग्रेस संगठन को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और लंबे समय तक श्रमिक संगठन इंटक के प्रदेश अध्यक्ष के रूप में भी कार्य किया. उनके राजनीतिक अनुभव और संगठनात्मक क्षमता के कारण उन्हें पार्टी के वरिष्ठ नेताओं में गिना जाता था.


कांग्रेस नेताओं ने जताया शोक

उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव (संगठन एवं प्रशासन) राजेंद्र सिंह भंडारी ने हीरा सिंह बिष्ट के निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया. उन्होंने अपने शोक संदेश में कहा कि हीरा सिंह बिष्ट का पूरा जीवन जनसेवा, सामाजिक सरोकारों और कांग्रेस संगठन को समर्पित रहा. उनके निधन से प्रदेश कांग्रेस ने एक अनुभवी, संघर्षशील और प्रेरणादायी नेतृत्व को खो दिया है. भंडारी ने कहा कि इस कठिन समय में पार्टी के सभी कार्यकर्ता और नेता उनके परिवार के साथ खड़े हैं तथा दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं.

उत्तराखंड की राजनीति को बड़ी क्षति

हीरा सिंह बिष्ट उन नेताओं में शामिल थे जिन्होंने उत्तराखंड की राजनीति में लंबे समय तक सक्रिय भूमिका निभाई. राज्य गठन से पहले भी उन्होंने कांग्रेस संगठन में कई जिम्मेदारियां निभाईं और राज्य बनने के बाद भी संगठन तथा सरकार में महत्वपूर्ण योगदान दिया. राजनीतिक जानकारों का मानना है कि उनके निधन से उत्तराखंड कांग्रेस को एक ऐसे नेता की कमी खलेगी, जिनके पास संगठन और जनसंपर्क दोनों का लंबा अनुभव था.

उनके निधन की खबर सामने आने के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं, समर्थकों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने शोक व्यक्त किया. सोशल मीडिया पर भी बड़ी संख्या में लोग उन्हें श्रद्धांजलि दे रहे हैं और उनके सार्वजनिक जीवन में दिए गए योगदान को याद कर रहे हैं. कांग्रेस नेताओं ने कहा कि हीरा सिंह बिष्ट का संघर्ष, सादगी और जनसेवा के प्रति समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बना रहेगा.