'क्या जजों से सेटिंग', दिल्ली आबकारी मामले में सौरभ भारद्वाज ने BJP नेताओं पर बोला हमला

आप के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने कहा कि निचली अदालत ने AAP नेताओं को दोषमुक्त कर दिया है, लेकिन BJP नेता अभी भी सजा के दावे कर रहे हैं.उन्होंने इसे न्यायिक प्रक्रिया में हस्तक्षेप का प्रयास बताया.

India daily
Hemraj Singh Chauhan

नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) ने तथाकथित दिल्ली आबकारी नीति घोटाले में निचली अदालत से अपने नेताओं को दोषमुक्त किए जाने के बावजूद भाजपा (BJP) नेताओं द्वारा सजा दिलाने के दावों पर कड़े सवाल उठाए हैं. AAP दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने पूछा कि भाजपा के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा और दिल्ली सरकार में मंत्री कपिल मिश्रा को कैसे पता है कि मामले में आगे क्या फैसला आएगा? क्या भाजपा और जजों के बीच कोई 'रिश्ता' है? 

उन्होंने कपिल मिश्रा के 'पिक्चर अभी बाकी है' वाले ट्वीट पर सवाल किया कि यह किस 'पिक्चर' की बात है, जबकि हाईकोर्ट में सुनवाई बाकी है.क्या ये लोग जज से मन मुताबिक फैसला करवाने का दावा कर रहे हैं? मंगलवार को AAP मुख्यालय पर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में सौरभ भारद्वाज ने वीरेंद्र सचदेवा का एक वीडियो दिखाया, जिसमें वे कह रहे हैं कि अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और दुर्गेश पाठक अपराधी हैं और अदालती कार्यवाही में उन्हें निश्चित सजा मिलेगी.

BJP नेताओं के बयानों पर तीखा हमला

भारद्वाज ने कहा, "इन्हें कैसे पता कि सजा निश्चित है? कपिल मिश्रा ने ट्वीट किया 'पिक्चर अभी बाकी है'.यह पिक्चर क्या है? हाईकोर्ट की जज स्वर्णकांता शर्मा को भी अभी केस पढ़ना बाकी है, फिर इनको कैसे पता आगे की कहानी?"भारद्वाज ने आरोप लगाया कि क्या भाजपा यह कहना चाह रही है कि वे जज स्वर्णकांता शर्मा से मनचाहा फैसला करवा लेंगे? उन्होंने कहा कि ये सवाल इसलिए बड़े हैं क्योंकि कपिल मिश्रा वही हैं जिन्होंने फरवरी 2020 में दिल्ली दंगों से पहले खुलेआम धमकी देकर दंगे भड़काने की कोशिश की थी, जिसका वीडियो सबके सामने है.

दिल्ली दंगों और जस्टिस मुरलीधर ट्रांसफर का जिक्र

सौरभ भारद्वाज ने दिल्ली दंगों के दौरान दिल्ली हाईकोर्ट के जस्टिस एस. मुरलीधर का जिक्र किया. उन्होंने बताया कि 26 फरवरी 2020 को जस्टिस मुरलीधर ने अदालत में दिल्ली पुलिस और केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया था. उन्होंने कपिल मिश्रा और अनुराग ठाकुर के नफरत भरे भाषणों पर FIR दर्ज करने का आदेश दिया और 27 फरवरी की तारीख तय की. लेकिन उसी रात 11 बजे केंद्र सरकार के कानून एवं न्याय विभाग ने जस्टिस मुरलीधर का ट्रांसफर नोटिफिकेशन जारी कर दिया, ताकि वे अगले दिन केस न सुन सकें. 

भारद्वाज ने कहा कि रात 11 बजे मंत्रालय बंद होते हैं, कर्मचारी घर चले जाते हैं, फिर भी ट्रांसफर किया गया.इसके बाद पीठ बदल गई और केस जस्टिस डी.एन. पटेल के पास पहुंचा, जिन्होंने चार हफ्ते का समय दे दिया. उन्होंने पूछा कि कपिल मिश्रा का 'पिक्चर अभी बाकी है' कहना सवाल पैदा करता है- क्या इन्हें जज स्वर्णकांत शर्मा का फैसला पहले से पता है? BJP और जज स्वर्णकांता शर्मा का क्या रिश्ता है? वीरेंद्र सचदेवा और कपिल मिश्रा कैसे कह सकते हैं कि आगे की कहानी उन्हें मालूम है?

AAP का ऐलान: राजनीतिक साजिश का पर्दाफाश जारी रहेगा

सौरभ भारद्वाज ने कहा कि निचली अदालत ने AAP नेताओं को दोषमुक्त कर दिया है, लेकिन BJP नेता अभी भी सजा के दावे कर रहे हैं.उन्होंने इसे न्यायिक प्रक्रिया में हस्तक्षेप का प्रयास बताया और कहा कि AAP इस राजनीतिक साजिश का पर्दाफाश करती रहेगी. यह विवाद दिल्ली की राजनीति में गरमा रहा है, जहां AAP इसे भाजपा की बदले की कार्रवाई बता रही है, जबकि BJP आबकारी मामले को घोटाला करार दे रही है.