डिप्टी CM विजय सिन्हा को 2 ईपिक कार्ड! बिहार की राजनीति में नया घमासान, रोहिणी आचार्य के सवालों का चुनाव आयोग देगा जवाब?
कांग्रेस का दावा है कि विजय सिन्हा का नाम वोटर लिस्ट में दो अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों में दर्ज है. इतना ही नहीं, दोनों वोटर ID में उम्र भी अलग-अलग एक में 57 और दूसरे में 60 वर्ष बताई गई है. यह दावा भी किया गया कि यह जानकारी चुनाव आयोग के आधिकारिक एप्लीकेशन पर आसानी से देखी जा सकती है.
Bihar Assembly Elections: बिहार में विधानसभा चुनाव की आहट के साथ ही राजनीतिक सरगर्मी अपने चरम पर है. इस बार बहस का केंद्र बना है SIR (Special Summary Revision) और डिप्टी सीएम विजय सिन्हा की वोटर ID को लेकर उठे सवाल. राष्ट्रीय जनता दल (RJD) की नेता रोहिणी आचार्य और कांग्रेस, दोनों ने दावा किया है कि विजय सिन्हा का नाम वोटर लिस्ट में दो अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों में दर्ज है साथ ही दोनों जगह उम्र भी अलग-अलग बताई गई है.
इस मामले ने सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप की आग को और भड़का दिया है. बिहार में विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच Special Summary Revision (SIR) प्रक्रिया पर सवाल खड़े हो रहे हैं. विपक्ष का आरोप है कि यह प्रक्रिया पारदर्शी नहीं है और सत्ता पक्ष के नेताओं को इसमें अनुचित लाभ मिल रहा है. डिप्टी सीएम विजय सिन्हा की वोटर ID विवाद ने इस बहस को और तेज कर दिया है.
रोहिणी आचार्य ने दागे EC पर सवाल
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व ट्विटर) पर रोहिणी आचार्य ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए लिखा कि “आयोग की निष्ठा जिनके लिए है, उनसे ही जुड़ी बातों पर आंख मूंद ली जाती है.” वहीं, कांग्रेस ने इसे लोकतंत्र और चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर हमला बताया है. राजद नेता और पूर्व डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने भी इस मुद्दे पर तीखे तेवर दिखाए, सीधे तौर पर इसे फर्जीवाड़ा करार दिया.
क्या है पूरा मामला?
कांग्रेस का दावा है कि विजय सिन्हा का नाम वोटर लिस्ट में दो अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों में दर्ज है. इतना ही नहीं, दोनों वोटर ID में उम्र भी अलग-अलग एक में 57 और दूसरे में 60 वर्ष बताई गई है. यह दावा भी किया गया कि यह जानकारी चुनाव आयोग के आधिकारिक एप्लीकेशन पर आसानी से देखी जा सकती है. विपक्ष का कहना है कि यह मामला केवल एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि चुनावी प्रक्रिया की विश्वसनीयता का है.