'जी हुजूरी करते रह गए मुनीर, व्यापार कर गया भारत', इंडिया-US ट्रेड डील पर पाकिस्तानियों ने अपने ही नेता को कर दिया ट्रोल

भारत-अमेरिका के बीच हुए समझौते से पाकिस्तान ट्रोल हो रहा है. वहां की जनता अपने ही सेना चीफ और प्रधानमंत्री को डोनाल्ड ट्रंप के चाटुकार बता रहे है. वही भारत की तारीफ में लंबी लाइने लिखी जा रही है.

X (@YearOfTheKraken, @Vidyakar)
Shanu Sharma

नई दिल्ली: भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौता लगभग फाइनल  हो चुका है. इस डील के मुताबिक भारत पर लगने वाले 50 प्रतिशत टैरिफ को अब 18 फीसदी कर दिया जाएगा. इस डील के बारे में जल्द ही आधिकारिक घोषणा की जाने की सूचना मिल रही है. हालांकि भारत के इस उपलब्धि से पाकिस्तान का माहौल बिगड़ चुका है. 

पाकिस्तान के चीफ फील्ड मार्शल आसिम मुनीर ने भारत के साथ बढ़े तनाव के बाद लगातार डोनाल्ड ट्रंप को खुश करने की कोशिश की थी. वहीं भारत ने अपने किसानों और व्यापारियों के हित से कोई समझौता नहीं किया. इसके बाद भी भारतीय के बाजार के भविष्य को समझते हुए राष्ट्रपति ट्रंप ने डील को फाइनल कर लिया. पाकिस्तान की जनता इस डील के बाद अपने ही सेना चीफ और प्रधानमंत्री को ट्रोल कर रही है.  

सेना चीफ पर फूटा पाक की जनता का गुस्सा

भारत-अमेरिका के बीच हुए इस डील की तारीफ करते हुए पाकिस्तानी जनता ने सोशल मीडिया पर अपने ही वजीरे आला और सेना चीफ का मजाक बनाया. उनका कहना है कि भारत ने पाक की तरह अपने जमीर को नहीं बेचें. उन्होंने हमारे मुखिया की तरह जी हुजूरी नहीं की और ना ही अपने शर्तों से पीछे हटा. इतना ही नहीं पाकिस्तानी की जनता ने आसिम मुनीर को ट्रोल करते हुए यह तक कह दिया कि ट्रंप ने उनके सेना चीफी के साथ रखैल जैसा बर्ताव किया. सोशल मीडिया पर कई मीम्स बन रहे हैं. वहां की जनता अपने ही नेता की रोती हुई तस्वीर साझा कर रहे हैं. 

शहबाज शरीफ भी हुए ट्रोल

सोशल पर एक यूजर ने ऐसी ही तस्वीर को साझा करते हुए लिखा कि अमेरिकी राष्ट्रपति ने हमारे सेना चीफ के साथ उस रखैल जैस व्यवहार किया जिससे सारे अवैध काम करवाए जाते हैं. इसके बाद जब कुछ फैसले लेने की बारी आती है तो कह दिया जाता है कि मैं अपने परिवार से मजबूर हूं, मुझे भूल जाओ. वहीं दूसरे यूजर ने कहा कि इतनी कोशिशों के बाद भी वह ट्रंप को खुश नहीं कर पाए. इजरायल के लिए पाकिस्तानी सेना भेजने की बात मानने के बाद पाक पर 19 फीसदी टैरिफ लगा, वहीं भारत ने अपने टर्म पर उन्हें 18 फीसदी पर पहुंचने के लिए मजबूर कर दिया. भारत ने डोनाल्ड ट्र्रंप को नोबेल शांति पुरस्कार के लिए नॉमिनेट भी नहीं किया था, वहीं पाकिस्तान की ओर से उन्हें कई बार अपना आका बताया गया. भारत