राज्यसभा में उप-नेता के पद से हटाए जाने को लेकर आम आदमी पार्टी के साथ सार्वजनिक विवाद के कुछ दिनों बाद, सांसद राघव चड्ढा ने शुक्रवार को घोषणा की कि वह अब AAP का हिस्सा नहीं रहेेंगे. इसके बाद ही AAP प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने उनको एक लाइन में करारा जवाब दिया है. उन्होंने 'X' पर कहा कि, "BJP ने एक बार फिर पंजाबियों को धक्का दिया है." राघव चड्ढा ने कहा कि राज्यसभा में पार्टी के दो-तिहाई से ज्यादा सांसदों ने बीजेपी में शामिल होने का फैसला कर लिया है. उन्होंने बताया कि AAP के पास अभी कुल 10 राज्यसभा सांसद हैं और उनमें से दो-तिहाई से ज्यादा इस फैसले के समर्थन में दिख रहे हैं.
बीजेपी ने फिर से पंजाबियों के साथ किया धक्का
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) April 24, 2026
AAP सांसद राघव चड्ढा ने कहा कि, "मैं आपको असली वजह बता रहा हूं कि मैंने पार्टी की गतिविधियों से खुद को अलग क्यों कर लिया. मैं उनके अपराधों का हिस्सा नहीं बनना चाहता था. मैं उनकी दोस्ती के लायक नहीं था, क्योंकि मैं उनके अपराधों में शामिल नहीं था. हमारे पास सिर्फ़ दो ही विकल्प थे, या तो राजनीति छोड़ दें और पिछले 15-16 सालों में किए गए अपने जनहित के कामों को छोड़ दें या फिर अपनी ऊर्जा और अनुभव के साथ सकारात्मक राजनीति करें. इसलिए, हमने फैसला किया है कि हम, जो राज्यसभा में AAP के 2/3 सदस्य हैं, भारत के संविधान के प्रावधानों का इस्तेमाल करते हुए खुद को बीजेपी में मिला लेंगे."
AAP सांसद राघव चड्ढा ने कहा कि, "राज्यसभा में AAP के 10 सांसद हैं, उनमें से 2/3 से ज्यादा हमारे साथ हैं. उन्होंने हस्ताक्षर किए हैं और आज सुबह हमने हस्ताक्षरित पत्र और दस्तावेज राज्यसभा के सभापति को सौंप दिए. उनमें से 3 आपके सामने यहां मौजूद हैं. हमारे अलावा, हरभजन सिंह, राजिंदर गुप्ता, विक्रम साहनी और स्वाति मालीवाल भी हैं."
राघव चड्ढा ने बताया कि प्रेस कॉन्फ्रेंस में उनके साथ तीन सांसद मौजूद थे, जबकि अन्य लोगों में हरभजन सिंह, राजिंदर गुप्ता, विक्रम साहनी और स्वाति मालीवाल शामिल हैं.
1. स्वाति मालीवाल
2. अशोक कुमार मित्तल
3. संदीप पाठक
4. हरभजन सिंह
5. बलबीर सिंह सीचेवाल
6. विक्रमजीत सिंह साहनी