अहमदाबाद प्लेन क्रैश के बाद एयर इंडिया फ्लाइट को बम से उड़ाने की धमकी, थाईलैंड में इमरजेंसी लैंडिंग
विमान ने शुक्रवार को सुबह 9:30 बजे (0230) फुकेत हवाई अड्डे से भारतीय राजधानी के लिए उड़ान भरी, लेकिन अंडमान सागर के चारों ओर चक्कर लगाते हुए वापस थाई द्वीप पर उतर गया. थाईलैंड एयरपोर्ट के एक अधिकारी ने बताया कि आपातकालीन योजना के अनुरूप यात्रियों को विमान, उड़ान संख्या एआई 379 से बाहर निकाला गया. बयान में कहा गया कि विमान में 156 यात्री सवार थे और विमान में बम की धमकी मिली थी.
Air India fligh bomb threat: एयर इंडिया विमान के साथ हुए 12 जून के हादसे ने पूरे देश को दहला कर रख दिया है. हादसे से अभी पूरा देश उभरा भी नहीं है कि एयर इंडिया के एक और विमान को बम से उड़ाने की घमकी दी गई है. एक अधिकारी ने रॉयटर्स को बताया कि उड़ान संख्या एआई 379 उतर चुकी है और हवाईअड्डा आपातकालीन योजना पर काम कर रहा है. रॉयटर्स ने फुकेत हवाई अड्डे के अधिकारियों के हवाले से बताया कि थाईलैंड के फुकेत द्वीप से दिल्ली जा रहे एयर इंडिया के एक विमान को शुक्रवार को आपातकालीन लैंडिंग का अनुरोध करना पड़ा, क्योंकि विमान में बम की धमकी मिली थी. एक अधिकारी ने रॉयटर्स को बताया कि उड़ान संख्या एआई 379 उतर चुकी है और हवाईअड्डा आपातकालीन योजना पर काम कर रहा है.
थाईलैंड एयरपोर्ट के एक अधिकारी ने बताया कि आपातकालीन योजना के अनुरूप यात्रियों को विमान, उड़ान संख्या एआई 379 से बाहर निकाला गया. बयान में कहा गया कि विमान में 156 यात्री सवार थे और विमान में बम की धमकी मिली थी.
इमरजेंसी लैंडिंग
फ्लाइट ट्रैकर फ्लाइट रडार 24 के अनुसार, विमान ने शुक्रवार को सुबह 9:30 बजे (0230) फुकेत हवाई अड्डे से भारतीय राजधानी के लिए उड़ान भरी, लेकिन अंडमान सागर के चारों ओर चक्कर लगाते हुए वापस थाई द्वीप पर उतर गया. एओटी ने बम की धमकी के बारे में विस्तृत जानकारी नहीं दी.
अहमदाबाद प्लेन क्रैश कैसे हुआ?
DGCA के अनुसार, टेकऑफ के कुछ ही सेकंड बाद पायलट्स ने ‘मेडे’ कॉल दी थी. यह दर्शाता है कि तत्काल कोई बड़ा तकनीकी संकट हुआ. कैप्टन अमित सिंह के अनुसार, 'अगर दोनों इंजन फेल हो गए हों या उनमें पावर लॉस हुआ हो, तो प्लेन की स्पीड नहीं बन पाई होगी, जिससे वह ग्लाइड करता हुआ नीचे गिरा.'
इंजन फेल का कारण बर्ड हिट या ईंधन में मिलावट भी हो सकता है. विशेषज्ञों ने कहा कि विमान के पीछे धूल का गुबार दिख रहा था, जो इंजन पावर की कमी का संकेत देता है.