किस गलती का जिंदगीभर पछतावा करते रहे ऋषि कपूर? करियर की शुरुआत में ही उठाया था गलत कदम
ऋषि कपूर ने अपनी आत्मकथा ‘खुल्लम खुल्ला’ में फिल्म ‘बॉबी’ के लिए मिले बेस्ट एक्टर अवॉर्ड से जुड़ा एक चौंकाने वाला खुलासा किया था. उन्होंने बताया था कि कम उम्र में एक शख्स के कहने पर उन्होंने अवॉर्ड पाने के लिए पैसे दिए थे.
मुंबई: ऋषि कपूर हिंदी सिनेमा के उन कलाकारों में शुमार रहे, जिन्होंने अपने लंबे करियर में रोमांस से लेकर गंभीर और दमदार किरदारों तक अपनी अलग पहचान बनाई. हालांकि, उनके करियर की शुरुआत ही ऐसी फिल्म से हुई थी, जिसने उन्हें रातों रात स्टार बना दिया था. साल 1973 में रिलीज हुई फिल्म ‘बॉबी’ में ऋषि कपूर ने मुख्य अभिनेता के तौर पर डेब्यू किया था और फिल्म की जबरदस्त सफलता ने उन्हें युवा स्टार के रूप में स्थापित कर दिया.
‘बॉबी’ में ऋषि कपूर की मासूमियत और अभिनय को दर्शकों ने खूब पसंद किया. लेकिन इसी शुरुआती सफलता के दौर में उनकी जिंदगी से जुड़ी एक ऐसी घटना हुई, जिसका जिक्र उन्होंने कई साल बाद अपनी आत्मकथा ‘खुल्लम खुल्ला’ में किया था.
किस गलती के लिए पछताते थे ऋषि कपूर
ऋषि कपूर ने अपनी आत्मकथा में बताया था कि ‘बॉबी’ के बाद उन्हें एक बेस्ट एक्टर अवॉर्ड के लिए नामांकन मिला था. उस समय एक व्यक्ति ने उनसे संपर्क किया और दावा किया कि अगर वह पैसे देंगे तो उन्हें यह अवॉर्ड दिलाया जा सकता है.कम उम्र में मिली सफलता और अवॉर्ड हासिल करने की उत्सुकता के बीच ऋषि कपूर ने उस शख्स की बात पर भरोसा कर लिया और उसे पैसे दे दिए. बाद में उन्हें एहसास हुआ कि उन्होंने जिस तरीके का सहारा लिया था, वह सही नहीं था.
Also Read
चर्चा में थी अमिताभ बच्चन की ‘जंजीर’
उसी दौर में अमिताभ बच्चन की फिल्म ‘जंजीर’ भी रिलीज हुई थी. फिल्म में उनके अभिनय ने दर्शकों और इंडस्ट्री के बीच उनकी मजबूत पहचान बनाने में अहम भूमिका निभाई. ऐसे में बेस्ट एक्टर अवॉर्ड की दौड़ में अमिताभ बच्चन का नाम भी बेहद मजबूत माना जा रहा था. जब यह अवॉर्ड ऋषि कपूर को मिला, तो इसे लेकर फिल्म इंडस्ट्री में चर्चाएं होने लगीं. ऋषि कपूर ने बाद में स्वीकार किया कि उस समय उन्हें इस बात का एहसास नहीं था कि उनके फैसले का किसी दूसरे कलाकार के हक पर भी असर पड़ सकता है.
सालों बाद ऋषि कपूर ने मानी बड़ी गलती
समय बीतने के साथ ऋषि कपूर ने उस घटना को अलग नजरिए से देखा. उन्होंने माना कि उस वक्त उनकी उम्र कम थी और सफलता के शुरुआती दौर में वह अवॉर्ड हासिल करने को लेकर बेहद उत्साहित थे. इसी जल्दबाजी में उन्होंने गलत फैसला लिया. षि कपूर के मुताबिक, उन्हें बाद में इस बात का पछतावा रहा कि उन्होंने अपनी प्रतिभा और मेहनत पर भरोसा करने के बजाय अवॉर्ड हासिल करने के लिए गलत रास्ता चुना.
हालांकि, ऋषि कपूर का पूरा करियर इस एक घटना से कहीं बड़ा रहा. ‘बॉबी’ के बाद उन्होंने कई फिल्मों में काम किया और लंबे समय तक हिंदी सिनेमा में अपनी मौजूदगी दर्ज कराई. रोमांटिक हीरो के तौर पर लोकप्रिय होने के बाद उन्होंने उम्र के साथ अपने अभिनय के रंग भी बदले और अलग अलग तरह के किरदार निभाए.