Ram Rajya: अमेरिका में प्रीमियर होने वाली पहली भारतीय फिल्म, जो महात्मा गांधी की देखी हुई एकमात्र फिल्म

Ram Rajya: फिल्मों में साउंड आने के बाद से रामायण को देखने के लिए लोगों की दिलचस्पी काफी ज्यादा बढ़ गई है. साल 1930-40 के दशकों में पूरे भारत में रामायण पर अलग-अलग भाषाओं में फिल्में बनी हैं. ऐसे में एक फिल्म जो कि डायरेक्टर विजय भट्ट की फिल्म 'राम राज्य' (1943) है जो कि बहुत खास फिल्म थी.

Priya Singh

नई दिल्ली: भारत में सिनेमा की शुरुआत जब से हुई है तब से ही फिल्ममेकर्स ने भारतीय संस्कृति से जुड़ी कहानियों को बड़े पर्दे उतारा है और लोग भी उसको पूरी तरह से पसंद करते है, इस लिस्ट में रामायण का नाम सबसे ऊपर है क्योंकि ये देखना लोगों को काफी पसंद होता है. सिनेमा में रामायण को बड़े पर्दे पर साइलेंट फिल्मों के दौर से ही उतारा जा रहा है.

डायरेक्टर विजय भट्ट की फिल्म 

फिल्मों में साउंड आने के बाद से रामायण को देखने के लिए लोगों की दिलचस्पी काफी ज्यादा बढ़ गई है. साल 1930-40 के दशकों में पूरे भारत में रामायण पर अलग-अलग भाषाओं में फिल्में बनी हैं. ऐसे में एक फिल्म जो कि डायरेक्टर विजय भट्ट की फिल्म 'राम राज्य' (1943) है जो कि बहुत खास फिल्म थी. विजय इससे पहले रामायण पर बेस्ड फिल्म 'भरत मिलाप' भी बना चुके थे. 

महात्मा गांधी से क्या है खास नाता?

विजय भट्ट की इस फिल्म को 'राम राज्य' यूएसए में प्रीमियर की गई थी और इसके साथ ही यह फिल्म यूएसए में प्रीमियर होने वाली पहली भारतीय फिल्म है. देश के आजाद होने से ठीक पहले के सालों में सिनेमा की लोकप्रियता काफी बढ़ी है. इसी सिनेमा एक्सचेंज का फायदा ये हुआ कि भारतीय माइथोलॉजी पर बनी 'राम राज्य' को यूएसए में प्रीमियर का मौका मिला. देश के बापू यानी महात्मा गांधी को सिनेमा में कुछ खास रुची नहीं थी. उन्होंने फिल्म को समाज का दुश्मन भी बताया था. हालांकि, आपको बता दें कि महात्मा गांधी राम राज्य को सपोर्ट करते थे इसी कारण उन्होंने विजय की यह फिल्म को देखा और यह पहली भारतीय फिल्म थी जो महात्मा गांधी ने देखी थी.