Petrol Diesel Price Today: सस्ता हो गया पेट्रोल-डीजल! चेक करें अपने शहर के ताजा रेट्स

भारत में 19 फरवरी 2025 को पेट्रोल और डीजल की औसत कीमतों में हल्का बदलाव देखा गया. हालांकि, वैश्विक स्तर पर क्रूड ऑयल की कीमतों में स्थिरता बनी हुई है, जिससे घरेलू बाजार में ईंधन की कीमतें नियंत्रण में हैं.

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Babli Rautela

Petrol Diesel Price Today: भारत में 19 फरवरी 2025 को पेट्रोल और डीजल की औसत कीमतों में हल्का बदलाव देखा गया. हालांकि, वैश्विक स्तर पर क्रूड ऑयल की कीमतों में स्थिरता बनी हुई है, जिससे घरेलू बाजार में ईंधन की कीमतें नियंत्रण में हैं. देश के प्रमुख शहरों में पेट्रोल और डीजल के भाव में मामूली उतार-चढ़ाव दर्ज किया गया है.

पेट्रोल और डीजल की कीमतें

दिल्ली: पेट्रोल ₹97.15/लीटर, डीजल ₹88.35/लीटर
मुंबई: पेट्रोल ₹103.77/लीटर, डीजल ₹94.09/लीटर
कोलकाता: पेट्रोल ₹99.90/लीटर, डीजल ₹91.25/लीटर
चेन्नई: पेट्रोल ₹98.30/लीटर, डीजल ₹89.90/लीटर
बंगलोर: पेट्रोल ₹99.75/लीटर, डीजल ₹90.15/लीटर

पिछले 10 दिनों में उतार-चढ़ाव

पिछले 10 दिनों के दौरान पेट्रोल और डीजल की कीमतों में 0.50-0.75 रुपये प्रति लीटर तक का मामूली बदलाव दर्ज किया गया है. हालांकि, तेल कंपनियों ने बड़ी बढ़ोतरी या गिरावट से परहेज किया है, जिससे उपभोक्ताओं को राहत मिली है. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर क्रूड ऑयल की कीमतें स्थिर बनी हुई हैं. 18 फरवरी 2025 को WTI क्रूड: $79 प्रति बैरल, ब्रेंट क्रूड: $84 प्रति बैरल, क्रूड की कीमतों में स्थिरता से भारतीय तेल कंपनियों को राहत मिली है, और घरेलू बाजार में ईंधन की कीमतें भी स्थिर बनी हुई हैं.

क्या आने वाले दिनों में बदलेंगे ईंधन के दाम?

भारत में ईंधन की कीमतें मुख्यतः वैश्विक क्रूड ऑयल की कीमतों, डॉलर-रुपये के विनिमय दर और सरकारी करों पर निर्भर करती हैं. वर्तमान में, क्रूड ऑयल की स्थिर कीमतें भारतीय बाजार में स्थिरता बनाए हुए हैं. हालांकि, अगर आने वाले दिनों में क्रूड ऑयल की कीमतों में बड़ा बदलाव होता है, तो इसका सीधा असर पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर पड़ सकता है.

तेल की कीमतों में स्थिरता से उपभोक्ता राहत महसूस कर रहे हैं. लेकिन, क्रूड की वैश्विक कीमतें और डॉलर की विनिमय दर का उतार-चढ़ाव ईंधन की कीमतों पर असर डाल सकते हैं. ईंधन की कीमतों में फिलहाल बड़ा बदलाव नहीं हुआ है. क्रूड ऑयल की स्थिर कीमतें भारतीय बाजार के लिए सकारात्मक संकेत हैं. उपभोक्ताओं के लिए तेल की कीमतें नियंत्रण में बनी हुई हैं.