EPFO 3.0: अब UPI और ATM से निकाल सकेंगे PF का पैसा, आधार OTP से होगा तुरंत ट्रांसफर

EPFO 3.0 के तहत ईपीएफ सदस्य अब यूपीआई और एटीएम से तुरंत पीएफ निकाल सकेंगे. इसके अलावा, ऑटो-सेटलमेंट सीमा 1 लाख रुपये से बढ़ाकर 5 लाख कर दी गई है और उमंग ऐप पर फेस ऑथेंटिकेशन की सुविधा मिलेगी.

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Kuldeep Sharma

कर्मचारी भविष्य निधि संगठन यानी EPFO अपने खाताधारकों के लिए 'EPFO 3.0' नाम से एक बड़ा डिजिटल बदलाव करने जा रहा है. इस नए सिस्टम के आने के बाद ईपीएफ सदस्य अपने पीएफ खाते से पैसे निकालने के लिए यूपीआई और एटीएम जैसी आधुनिक सुविधाओं का इस्तेमाल कर सकेंगे जिससे यह पूरी प्रक्रिया बेहद आसान और तेज हो जाएगी.

प्रमुख विशेषताएं और नियम

तुरंत ट्रांसफर- यह नई व्यवस्था जून के अंत तक शुरू होने की संभावना है. नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया यानी NPCI के सहयोग से विकसित किए जा रहे इस सिस्टम के जरिए पैसा सीधे और तुरंत आपके लिंक्ड बैंक खाते में भेज दिया जाएगा.

निकासी की सीमा- हालांकि यूपीआई या एटीएम से पैसे निकालने की कोई अलग सीमा तय नहीं की गई है, लेकिन मौजूदा नियमों के अनुसार पात्र सदस्य अपने कुल पीएफ बैलेंस का 75% तक निकाल सकेंगे.


भविष्य की सुरक्षा- अपनी रिटायरमेंट सेविंग्स को सुरक्षित रखने के लिए सदस्यों को अपने पीएफ बैलेंस का कम से कम 25% हिस्सा खाते में ही छोड़ना होगा.

पीएफ एटीएम कार्ड- ईपीएफओ जल्द ही पीएफ-लिंक्ड एटीएम कार्ड भी जारी कर सकता है, जिससे सामान्य डेबिट कार्ड की तरह सीधे एटीएम से पैसे निकाले जा सकेंगे.

इस सुविधा के लिए जरूरी शर्तें

इस आधुनिक सुविधा का लाभ उठाने के लिए खाताधारकों के पास निम्नलिखित दस्तावेज और विवरण होने अनिवार्य हैं:

1. आधार से लिंक एक एक्टिव यूनिवर्सल अकाउंट नंबर यानी UAN

2. अपडेटेड PAN कार्ड की जानकारी.

3. सही IFSC कोड के साथ वेरिफाइड बैंक खाता.

4. ओटीपी वेरिफिकेशन के लिए आधार से जुड़ा हुआ मोबाइल नंबर.

अन्य महत्वपूर्ण बदलाव क्या हैं?

नए नियमों के तहत, सुरक्षा को मजबूत करने के लिए किसी भी यूपीआई ऐप के जरिए पैसे निकालने से पहले आधार-बेस्ड ओटीपी वेरिफिकेशन जरूरी होगा. इसके अलावा, UMANG ऐप पर 'फेस ऑथेंटिकेशन टेक्नोलॉजी' यानी चेहरा पहचानने वाली तकनीक की सुविधा भी मिलेगी जिससे कागजी कार्रवाई काफी कम हो जाएगी.

एक और राहत की बात यह है कि ईपीएफओ ने ऑटो-सेटलमेंट की सीमा को1 लाख से बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दिया है. इसका मतलब है कि 5 लाख रुपये तक के दावों को अब बिना किसी मानवीय हस्तक्षेप के स्वचालित रूप से तेजी से सेटल किया जा सकेगा. जब तक ईपीएफओ द्वारा इसके लिए विस्तृत गाइडलाइंस जारी नहीं की जातीं तब तक पीएफ निकासी और टैक्स से जुड़े पुराने नियम ही लागू रहेंगे.