कौन थीं सरला माहेश्वरी? जिन्हें कहा जाता था दूरदर्शन की भरोसेमंजद आवाज
रेट्रो दौर
दूरदर्शन के रेट्रो दौर की सबसे पहचानी जाने वाली आवाज सरला माहेश्वरी का आज निधन हो गया. उन्होंने 71 की उम्र में अंतिम सांस ली.
दूरदर्शन
दूरदर्शन नेशनल ने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट के माध्यम से इस दुखद खबर की पुष्टि की और उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की.
सम्मानित न्यूज़रीडर
दूरदर्शन ने उन्हें याद करते हुए लिखा कि सरला माहेश्वरी एक प्यारी और सम्मानित न्यूज़रीडर थीं. उनकी कोमल आवाज, सटीक उच्चारण और शानदार प्रस्तुति ने भारतीय टेलीविजन पत्रकारिता पर अमिट छाप छोड़ी.
तीन दशकों तक दूरदर्शन
सरला माहेश्वरी 1976 से 2005 तक लगभग तीन दशकों तक दूरदर्शन पर हिंदी समाचार बुलेटिन पढ़ती रहीं. उस समय भारत में दूरदर्शन टेलीविजन न्यूज का इकलौता ऑपशन था.
ब्लैक एंड व्हाइट से कलर टीवी
ब्लैक एंड व्हाइट से कलर टीवी के दौर तक उन्होंने अपनी मौजूदगी बनाए रखी. उनका सधा हुआ लहजा, स्पष्ट उच्चारण और शांत अंदाज़ उन्हें लाखों घरों में प्रिय बना गया.
न्यूज़ एंकरिंग
उन्होंने न्यूज़ एंकरिंग की ऐसी पीढ़ी को प्रतिनिधित्व दिया, जिसने स्क्रीन पर विश्वसनीयता और गरिमा की मिसाल कायम की.
शम्मी नारंग
प्रसिद्ध न्यूज़ एंकर शम्मी नारंग ने भी सरला माहेश्वरी को याद करते हुए गहरे दुख का इजहार किया. उन्होंने लिखा कि वह शालीनता और तहजीब की जीती-जागती मिसाल थीं