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Cyberbullying Protection Tips: आपका बच्चा कभी-भी हो सकता है साइबरबुलिंग का शिकार, इस तरह करें बचाव 

Cyberbullying Protection Tips: अगर आपने साइबरबुलिंग के बारे में नहीं सुना है तो यहां हम आपको इसके बारे में बता रहे हैं. साथ ही ये भी बताएंगे कि आप अपने बच्चे को सुरक्षित कैसे रख सकते हैं. 

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Shilpa Srivastava
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Cyberbullying Protection Tips: टेक्नोलॉजी बहुत आगे बढ़ चुकी है. सिर्फ बड़े ही नहीं बल्कि बच्चे भी तकनीक की दुनिया में पूरी तरह घुल चुके हैं. बहुत कुछ है जो यहां से सीखा जा सकता है लेकिन बच्चों के लिए यहां कई खतरे मौजूद हैं. अगर आपने साइबरबुलिंग के बारे में नहीं सुना है तो यहां हम आपको इसके बारे में कुछ बातों की जानकारी दे रहे हैं जो आपकी मदद कर सकते हैं अपने बच्चों को इससे बचाने में. 

आजकल ऑनलाइन क्राइम इतना बढ़ चुका है कि क्रिमिनल्स बच्चों को डराने-धमकाने लगे हैं. अपने बच्चों को इससे बचाने के लिए लोगों को कुछ बातों का ख्याल रखना चाहिए जिनके बारे में हम आपको यहां बताएंगे. लेकिन इससे पहले जानते हैं कि कि आखिर साइबरबुलिंग है क्या. 

क्या है साइबरबुलिंग?
साइबरबुलिंग टेक्नोलॉजी आजकल बच्चों को परेशान करने, धमकाने, शर्मिंदा करने या टारगेट करने के लिए इस्तेमाल की जाती है. इसमें गलत भाषा में लिखे गए टेक्स्ट, पोस्ट, मैसेजेज आदि शामिल हैं. इसके साथ ही इसमें किसी को शर्मिंदा करने के लिए फोटोज बनाई जाती हैं और उन्हें ऑनलाइन पोस्ट कर दिया जाता है. साइबर क्रिमिनल्स बच्चों को परेशान करने के लिए उनकी पर्सनल जानकारी भी ऑनलाइन पोस्ट कर देते हैं. 

साइबरबुलिंग से बच्चों को बचाने के लिए करें ये काम: 

  1. अगर आपके बच्चे के पास पर्सनल फोन या सोशल मीडिया अकाउंट है तो आपको उसके पोस्ट पर नजर रखनी चाहिए. आपका बच्चा कोई ऐसी फोटो या जानकारी शेयर न करें जो ज्यादा पर्सनल हो. इसका गलत इस्तेमाल किया जा सकता है. 

  2. अपने बच्चे को यह समझाएं कि जो वो ऑनलाइन पोस्ट कर रहे हैं वो ऑनलाइन ही रहता है. इसे आसानी से पब्लिक किया जा सकता है. अगर कोई ऐसी जानकारी है जिसे आप नहीं चाहते कि वो ऑनलाइन जाए तो गलती से भी उसे ऑनलाइन पोस्ट न करें. 

  3. अपने बच्चों से कहें कि अगर उसके साथ कभी साइबरबुलिंग होती है तो इसकी जानकारी तुरंत आपको दें. 

  4. अगर आपके बच्चे को परेशान किया गया है, तो सबूत के तौर पर सभी साइबरबुलिंग मैसेजेज को अपने पास रखें. 

  5. जो व्यक्ति मैसेज भेज रहा है उसे तुरंत ब्लॉक कर दें. बच्चे के पास अगर कोई नंबर है तो उसे बंद कर दें. 

  6. बच्चे को समझाएं कि वो अपनी आईडी पासवर्ड किसी के साथ शेयर न करें. 

  7. अगर आपने अपने बच्चे को इलेक्ट्रॉनिक्स डिवाइसेज दी हुई हैं तो यह सुनिश्चित करें कि उसे कितने समय के लिए डिवाइस का एक्सेस देना है और उसे क्या देखना चाहिए. 

  8. डिवाइस इस्तेमाल करने की लिमिट सेट करें.

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First Published : 12 February 2024, 09:13 PM IST