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अगर कंट्रोल हो जाए ब्लड प्रेशर तो क्या छोड़ देनी चाहिए दवाई, जानें क्यों है खतरनाक

Side effects of Stopping BP Drugs: उच्च रक्तचाप, जिसे हाई ब्लड प्रेशर (High Blood Pressure) भी कहा जाता है, भारत में एक आम समस्या है, ऐसे में कई बार देखा गया है कि इलाज के बाद जब ये कंट्रोल हो जाता है तो लोग दवाइयां बंद करते हैं, पर क्या ऐसा करना सही है या नहीं समझते हैं.

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India Daily Live
Courtesy: Freepik

Side effects of Stopping BP Drugs: मौजूदा दौर में हाई ब्लड प्रेशर (High Blood Pressure) एक आम समस्या बन चुकी है जो भारत में तेजी से फैल रही है. यह तब होता है जब धमनियों में खून का प्रवाह लगातार तेज होता है, जिससे धमनियों की दीवारों पर दबाव बढ़ जाता है. अगर इसका इलाज न किया जाए तो यह हृदय रोग, स्ट्रोक, किडनी खराब होने और अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकता है.

हाई ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने के लिए डॉक्टर अक्सर दवाएं देते हैं. ये दवाएं खून को शरीर के हर हिस्से तक पहुंचाने वाली नसों को चौड़ा करने या हृदय को कम मेहनत करने में मदद करती हैं, जिससे ब्लड प्रेशर कम होता है.  कुछ लोगों को लगता है कि दवाइयां लेना बंद कर दें तो ठीक हैं, लेकिन यह खतरनाक हो सकता है.

आइए जानते हैं ऐसा क्यों है:

ब्लड प्रेशर का अनकंट्रोल होना: दवा लेना बंद करने से आपका ब्लड प्रेशर फिर से बढ़ सकता है. हाई ब्लड प्रेशर के कई बार कोई लक्षण नहीं होते, इसलिए आपको पता भी नहीं चलेगा कि आपका ब्लड प्रेशर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है. चूंकि हाई ब्लड प्रेशर के शुरुआत में कोई लक्षण नहीं होते, इसलिए दवा लेना छोड़ना और अपने आप को अच्छा महसूस करना भ्रामक हो सकता है. लेकिन असल में आपका ब्लड प्रेशर धीरे-धीरे बढ़ रहा होता है, जो आपके स्वास्थ्य के लिए खतरनाक है.

दिल को नुकसान:  अनकंट्रोल ब्लड प्रेशर से धमनियां सख्त और पतली हो सकती हैं. इससे दिल को ब्ल्ड पंप करने में अधिक मेहनत करनी पड़ती है, जिससे हृदय रोग का खतरा बढ़ जाता है. साथ ही, हाई ब्लड प्रेशर से धमनियों की दीवारों को नुकसान पहुंच सकता है, जिससे उनमें खून का थक्का बनने का खतरा बढ़ जाता है. यह थक्का खून के बहने के रास्ते को ब्लॉक कर सकता है और सीने में दर्द (Angina) या दिल का दौरा (Heart Attack) जैसी गंभीर समस्याएं पैदा कर सकता है.

स्ट्रोक का खतरा: अनकंट्रोल ब्लड प्रेशर से खून की नलियों में रुकावट पैदा हो सकती है. अगर दिमाग तक जाने वाली धमनी में रुकावट होती है तो स्ट्रोक हो सकता है. स्ट्रोक के कारण शरीर के अंगों को नुकसान पहुंच सकता है या मृत्यु भी हो सकती है.

हाई ब्लड प्रेशर से आंखों को खून पहुंचाने वाली नलियों को भी नुकसान पहुंच सकता है, जिससे देखने में भी समस्याएं हो सकती हैं.

गुर्दे खराब होना: अनकंट्रोल ब्लड प्रेशर से गुर्दे की धमनियों को भी नुकसान हो सकता है. इससे गुर्दे ठीक से काम नहीं कर पाते और गुर्दे खराब होने का खतरा बढ़ जाता है. गुर्दे शरीर के अपशिष्ट पदार्थों को निकालने का काम करते हैं, इसलिए उनका खराब होना शरीर के लिए गंभीर हो सकता है.

तो दवाइयां लेना कब बंद करना चाहिए?

यह निर्णय केवल आपका डॉक्टर ही ले सकता है. आप अपनी दवाइयां लेना कब बंद कर सकते हैं, यह आपके ब्लड प्रेशर, आपके समग्र स्वास्थ्य और आप जो अन्य दवाइयां ले रहे हैं, उस पर निर्भर करता है.  अपने डॉक्टर से नियमित जांच करवाएं और उनकी सलाह पर ही दवाइयां लें.

हाई ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करना एक निरंतर प्रक्रिया है. दवाओं के साथ-साथ हेल्थी लाइफस्टाइल अपनाना भी जरूरी है, जैसे कि रेगुलर एक्सरसाइज करना, हेल्थी भोजन करना, धूम्रपान न करना और तनाव कम करना.

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