जानें कौन हैं उपेंद्र द्विवेदी जो बने सेना के वाइस चीफ?

जनरल उपेन्द्र द्विवेदी सेना प्रमुख पद की दौड़ में सबसे आगे हैं क्योंकि 31 मई, 2024 को जनरल मनोज पांडे के रिटायर होने पर वह सबसे वरिष्ठ जनरल होंगे.

Avinash Kumar Singh

नई दिल्ली: सेना के उत्तरी कमान के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल उपेन्द्र द्विवेदी को नए सेना उप प्रमुख के रूप में नियुक्त किया गया है. लेफ्टिनेंट जनरल उपेन्द्र द्विवेदी 15 फरवरी को लेफ्टिनेंट जनरल एमवी सुचिन्द्र कुमार की जगह सेना के उप प्रमुख का पदभार संभालेंगे. वहीं भारतीय सेना के उप-प्रमुख रहे लेफ्टिनेंट जनरल एमवी सुचेंद्र कुमार उत्तरी कमान के चीफ लेफ्टिनेंट जनरल उपेंद्र द्विवेदी की जगह लेंगे. 

लेफ्टिनेंट जनरल उपेन्द्र द्विवेदी इससे पहले सेना मुख्यालय में उप प्रमुख और इन्फैंट्री के महानिदेशक के पद पर रह चुके हैं. उन्होंने उस समय ऑपरेशनल रूप से सक्रिय उत्तरी कमान में दो साल तक सेवा की, जब भारत और चीन के बीच सैन्य गतिरोध चल रहा था. लेफ्टिनेंट जनरल उपेन्द्र कुमार सेना कमांडर के पद पर पदोन्नत होने के बाद लगभग एक साल तक उप प्रमुख रहे हैं. उन्होंने पहले 16 कोर कमांडर के रूप में काम करने के साथ कई कमांड और स्टाफ भूमिकाओं में काम किया है.

जनरल उपेन्द्र द्विवेदी सेना प्रमुख पद के दावेदार

जनरल उपेन्द्र द्विवेदी सेना प्रमुख पद के लिए सबसे आगे हैं, क्योंकि 31 मई 2024 को जनरल मनोज पांडे के रिटायर होने पर वह सबसे वरिष्ठ जनरल होंगे. वह सैनिक स्कूल, रीवा, राष्ट्रीय रक्षा अकादमी और भारतीय सैन्य अकादमी के पूर्व छात्र हैं. उन्हें दिसंबर 1984 में जम्मू-कश्मीर राइफल्स की 18वीं बटालियन में नियुक्त किया गया था. 


एमवी सुचेंद्र कुमार उत्तरी कमान के चीफ लेफ्टिनेंट जनरल

उत्तरी कमान उत्तर में पाकिस्तान और चीन के साथ देश की सीमाओं की रक्षा के लिए जिम्मेदार है और जम्मू और कश्मीर में आतंकवाद विरोधी अभियानों का मुख्य केंद्र है. सुचिन्द्र कुमार ने ऐसे समय में उत्तरी कमान की जिम्मेदारी संभालेंगे जब भारत और चीन के बीच मई 2020 से पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर सैन्य गतिरोध चल रहा है और सीमा संकट का पूर्ण समाधान जारी है. भारत और चीन की सेनाएं कई दौर की बातचीत कर चुकी हैं, लेकिन देपसांग और डेमचोक की समस्याएं अभी भी बातचीत की टेबल पर हैं.