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Manohar Joshi Passes Away: जानें कौन हैं बाला साहब के खास सिपहसालार मनोहर जोशी? जिनका हार्ट अटैक के बाद हुआ निधन

Manohar Joshi Death News: महाराष्ट्र के पूर्व सीएम मनोहर जोशी का हार्ट अटैक से निधन हुआ है. उन्होंने मुंबई के हिंदुजा अस्पताल में आखिरी सांस ली है. मनोहर जोशी का पार्थिव शरीर माटुंगा स्थित उनके घर पर अंतिम दर्शन के लिए सुबह 11 से 2 बजे तक रखा जाएगा. इसके बाद दादर श्मशान में राजकीय सम्मान के साथ जोशी का अंतिम संस्कार किया जाएगा.

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India Daily Live

Former Maharashtra CM Manohar Joshi Death: महाराष्ट्र के पूर्व सीएम मनोहर जोशी का हार्ट अटैक से निधन हुआ है. उन्होंने मुंबई के हिंदुजा अस्पताल में अंतिम सांस ली है. बीते 21 फरवरी को मनोहर जोशी को हार्ट अटैक आने के बाद परिवार के लोगों ने मुंबई के हिंदुजा अस्पताल में भर्ती कराया. जहां आज शुक्रवार सुबह 3 बजे उनका निधन हो गया.

मिली रही जानकारी के मुताबिक रूपारेल कॉलेज, माटुंगा पश्चिम में उनके निवास स्थान पर दोपहर 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक अंतिम दर्शन के लिए उनका शव रखा जाएगा. उसके बाद दोपहर 2 बजे उनकी शवयात्रा यात्रा शुरू होगी और राजकीय सम्मान के साथ दादर श्मशान घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा.

उनके बेटे उन्मेश ने जानकारी साझा करते हुए कहा कि बीते बुधवार को उन्हें हृदय संबंधी परेशानी के बाद उन्हें आईसीयू में भर्ती कराया गया था और डॉक्टरों की निगरानी में रखा गया था. जहां आज उनका सुबह निधन हो गया. हम शिवाजी पार्क श्मशान में अंतिम संस्कार करेंगे और इससे पहले पार्थिव शरीर को माटुंगा में हमारे घर लाया अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा. 

करीब 5 दशक लंबा रहा सियासी सफर

करीब 5 दशक के लंबे सियासी सफर में मनोहर जोशी महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री रहे. उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन की शुरूआत मुंबई नगर निगम के पार्षद के रूप में की थी. उसके बाद एक के बाद सियासत में सफलता की सीढ़ियां चढ़ते गए. वह महापौर, महाराष्ट्र विधान परिषद सदस्य, विधायक, लोकसभा और राज्यसभा सांसद, केंद्रीय मंत्री के साथ बतौर लोकसभा स्पीकर अपनी सेवाएं दी है. 

जानें कौन हैं मनोहर जोशी?

बीते 2 दिसंबर को जब जोशी 86 वर्ष के हुए थे तब उनके समर्थकों ने दादर स्थित उनके कार्यालय पर उनका जन्मदिन मनाया. 2 दिसंबर 1937 को महाराष्ट्र के महाड में जन्मे जोशी ने मुंबई के प्रतिष्ठित वीरमाता जीजाबाई टेक्नोलॉजिकल इंस्टीट्यूट (वीजेटीआई) से सिविल इंजीनियरिंग में स्नातक की डिग्री प्राप्त की थी. 

शिवसेना और बीजेपी गठबंधन में रहे महाराष्ट्र के CM 

मनोहर जोशी का राजनीतिक करियर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) में शामिल होने से शुरू हुआ और बाद में वह शिवसेना के सदस्य बन गये. 1980 के दशक में जोशी शिवसेना के एक प्रमुख नेता के रूप में उभरे, जो अपने संगठनात्मक कौशल और जमीनी स्तर से जुड़ाव के लिए जाने जाते थे. मनोहर जोशी का सबसे महत्वपूर्ण राजनीतिक मील का पत्थर 1995 में आया जब उन्हें महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री के रूप में चुना गया. 

वाजपेयी सरकार के दौरान चुना गया लोकसभा स्पीकर 

शिवसेना-बीजेपी गठबंधन सरकार में मनोहर जोशी 14 मार्च 1995 से 31 जनवरी 1999 तक CM रहे. इस तरह मनोहर जोशी ने 3 साल 323 दिन महाराष्ट्र के CM पद को संभाला. वह अविभाजित शिवसेना की ओर से राज्य के मुख्यमंत्री बनने वाले पहले नेता थे. जोशी को बालासाहेब का बेहद वफादार सियासी साथी माना जाता था. वाजपेयी सरकार के दौरान उनको लोकसभा स्पीकर चुना गया. वह 2002 से 2004 तक लोकसभा अध्यक्ष रहे. वे अटल बिहारी वाजपेयी सरकार के दौरान 2004 से 2002 तक भारी उद्योग मंत्री रहे. 2004 में मुंबई की उत्तर-मध्य सीट से करारी हार के बाद उन्हें 2006 में शिवसेना ने राज्यसभा का सदस्य बनाया. उम्रदराज और स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतों की वजह से पिछले कुछ समय से वह राजनीति में सक्रिय नहीं थे.